Airport: दिल्ली-एनसीआर में जल्द ही तीसरा एयरपोर्ट शुरू होने वाला है।
Airport: दिल्ली-एनसीआर में जल्द ही तीसरा एयरपोर्ट (Airport) शुरू होने वाला है। जेवर का नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) 30 अक्टूबर 2025 से उड़ानें शुरू करेगा। इसके साथ ही दिल्ली-NCR में तीन प्रमुख एयरपोर्ट्स होंगे- दिल्ली का इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट, गाजियाबाद का हिंडन एयरपोर्ट, और जेवर का नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट। लेकिन सवाल यह है कि इन तीनों एयरपोर्ट्स में से कहां से उड़ान भरना आपकी जेब के लिए सबसे सस्ता होगा? आइए, यूजर डेवलपमेंट फीस (UDF) और किराए के आधार पर इनकी तुलना करते हैं।

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यूजर डेवलपमेंट फीस (UDF) क्या है?
देश के किसी भी एयरपोर्ट से यात्रा करने पर यात्रियों को यूजर डेवलपमेंट फीस (UDF) देना होता है। UDF वो शुल्क होता है, जो यात्रियों से एयरपोर्ट पर मिलने वाली सुविधाओं, आधुनिकीकरण और रखरखाव के लिए लिया जाता है। इस शुल्क को टिकट में जोड़ा जाता है। इसके बाद एयरलाइंस कंपनी यात्रियों से वसूले गए इस शुल्क को एयरपोर्ट संचालन करने वाली कंपनी को वापस कर देती है। इस शुल्क को इसलिए लिया जाता है, जिससे एयरपोर्ट के बुनियादी ढांचे को और बेहतर बनाया जा सके जैसे नए टर्मिनल का निर्माण, एयरपोर्ट का रखरखाव, सफाई और यात्रियों की सुविधाओं को बढ़ाना।
हर एयरपोर्ट पर अलग UDF, सुविधाओं पर निर्भर
यूजर डेवलपमेंट फीस हर एयरपोर्ट पर अलग-अलग वसूली जाती है। ये पूरी तरह से एयरपोर्ट पर मिलने वाली सुविधाओं पर निर्भर करता है। इससे साफ है कि जिस एयरपोर्ट पर जितनी सुविधाएं होती हैं, उसका UDF शुल्क उतना ही ज्यादा होता है। बता दें कि यूजर डेवलपमेंट फीस तय करने की जिम्मेदारी एयरपोर्ट्स इकोनॉमिक रेगुलेटरी अथॉरिटी (AERA) के पास होती है। अब देखते हैं कि तीनों एयरपोर्ट्स पर UDF कितना है।

IGI एयरपोर्ट- घरेलू के लिए 129 रुपये, इंटरनेशनल में ज्यादा
दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट की बात करें तो यहां से जाने वाली घरेलू फ्लाइट के यात्रियों को यूजर डेवलपमेंट फीस के तौर पर 129 रुपये देने होते हैं, जबकि एयरपोर्ट से आने वाले यात्रियों से 56 रुपये वसूले जाते हैं। वहीं इंटरनेशनल फ्लाइट के लिए ट्रैवल क्लास के हिसाब से UDF अलग-अलग तय है। इसे ऐसे समझ सकते हैं कि इकोनॉमी क्लास से यात्रा करने पर डिपार्चर के समय 650 रुपये जबकि अराइवल के समय 275 रुपये लिए जाते हैं। वहीं, बिजनेस क्लास से सफर करने वाले यात्रियों को डिपार्चर के समय 810 रुपये और अराइवल पर 345 रुपये यूजर डेवलपमेंट फीस के तौर पर देने होते हैं।

हिंडन एयरपोर्ट- UDF शून्य, सबसे सस्ता विकल्प
दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बाद दिल्ली-NCR में शुरू हुए गाजियाबाद के हिंडन एयरपोर्ट (Hindon Airport) पर यूजर डेवलपमेंट फीस (UDF) शून्य है। इसका मतलब है कि इस एयरपोर्ट से सफर करने वाले यात्रियों से आने और जाने दोनों ही वक्त कोई चार्ज वसूला नहीं जाता है।

जेवर एयरपोर्ट- 210 से 980 रुपये तक UDF, GST अलग
जेवर के नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर यूजर डेवलपमेंट फीस 210 रुपये से 980 रुपये तक तय की गई है। एयरपोर्ट्स इकोनॉमिक रेगुलेटरी अथॉरिटी ने यहां से जाने वाले घरेलू यात्रियों के लिए 490 रुपये जबकि अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए 980 रुपये तय किया है। वहीं, इस एयरपोर्ट पर आने वाले यात्रियों को 210 रुपये जबकि अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को 420 रुपये UDF देना होगा। इस शुल्क में 18 प्रतिशत जीएसटी अलग से देना होगा।
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उदाहरण से समझिए किराया
किराए के इस पूरे मामले को उदाहरण से समझते हैं। मान लीजिए कि आप दिल्ली से बेंगलुरु के लिए उड़ान भरते हैं और आपने 1 अक्टूबर के लिए फ्लाइट ली है। गाजियाबाद के हिंडन एयरपोर्ट से एयर एक्सप्रेस का सबसे सस्ता किराया 4441 रुपये है। ये फ्लाइट सुबह 10:45 बजे उड़ान भरेगी और इसके टिकट में किसी भी तरह का कोई UDF नहीं लगेगा, यानी इस एयरपोर्ट पर UDF जीरो रहेगी।
अब अगर आप बेंगलुरु के लिए दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट से 1 अक्टूबर की फ्लाइट लेना चाहते हैं और आपने दोपहर 3:30 की सबसे सस्ती स्पाइस जेट की फ्लाइट ली है। ये फ्लाइट भले ही सुबह उड़ान भरने वाली फ्लाइट से सस्ती हो फिर भी इसका किराया ज्यादा होगा। इस फ्लाइट का किराया 5598 रुपये है। इस किराए में अभी 129 रुपये UDF भी शामिल होगा और टैक्स भी लगेगा।
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इसी तरह जब जेवर के नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से उड़ान भरते हैं तो यहां से आपको 490 रुपये UDF देना होगा। ऐसे में अनुमान लगाया जा सकता है कि यहां पर दिल्ली के मुकाबले 361 रुपये केवल UDF में ही ज्यादा देने होंगे। इस पर 18 प्रतिशत जीएसटी अलग से देना होगा। इसका मतलब साफ है कि टिकट के ऊपर यात्री को 426 रुपये अतिरिक्त देने ही होंगे।
