Greater Noida

Greater Noida: ग्रेटर नोएडा के 4000 परिवारों को मिलेगी खुशियों की चाबी

ग्रेटर नोएडा- वेस्ट नोएडा
Spread the love

Greater Noida में लंबे समय से मालिकाना हक का इंतजार कर रहे हजारों परिवारों के लिए बड़ी राहत की खबर है।

Greater Noida: ग्रेटर नोएडा में लंबे समय से मालिकाना हक का इंतजार कर रहे हजारों परिवारों (Families) के लिए बड़ी राहत की खबर है। एयर फोर्स नेवल हाउसिंग बोर्ड, हिंदुस्तान पेट्रोलियम, एमईए कोऑपरेटिव हाउसिंग और सीनियर सिटीजन होम कॉम्प्लेक्स जैसी सोसाइटियों के फ्लैट खरीदारों (Flat Buyers) को जल्द रजिस्ट्रेशन की सुविधा मिलने वाली है। इससे करीब चार हजार लोगों को मालिकाना हक मिलेगा। पढ़िए पूरी खबर…

Pic Social Media

पावर ऑफ अटॉर्नी पर होगी रजिस्ट्रेशन

ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी (Greater Noida Authority) ने पिछले महीने बोर्ड मीटिंग में लिए गए फैसले पर ऑफिस ऑर्डर जारी कर दिया है। अब पावर ऑफ अटॉर्नी के आधार पर फ्लैट खरीदारों के नाम पर रजिस्ट्रेशन शुरू होगा। इन सोसाइटियों में पूर्णता प्रमाण पत्र न होने के कारण पहले रजिस्ट्रेशन नहीं हो पा रहा था। खरीदार पावर ऑफ अटॉर्नी से ही प्रॉपर्टी खरीद-बेच रहे थे, जिससे मालिकाना हक नहीं मिल पाता था।

ये भी पढ़ेंः Noida: I-Phone खरीदने वालों के लिए खुशखबरी..एप्पल ने नोएडा में खोला अपना 5वां स्टोर

सोसायटी मैनेजमेंट की जिम्मेदारी

ऑफिस ऑर्डर के अनुसार, सोसायटी मैनेजमेंट के अधिकृत अधिकारियों को अथॉरिटी को रहने वालों की लिस्ट के साथ सर्टिफिकेट और एफिडेविट जमा करना होगा। इसमें प्रमाणित करना होगा कि रहने वाला व्यक्ति अलॉटेड फ्लैट या बिल्डिंग पर काबिज है। रजिस्ट्रेशन आसान बनाने के लिए हर फ्लैट के लिए अलग-अलग नो-ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (एनओसी) जारी करना होगा। साथ ही, मूल अलॉटी से लेकर वर्तमान रहने वाले तक की पूरी चेन की डिटेल्स देनी होंगी।

ख़बरीमीडिया के Whatsapp ग्रुप को फौलो करें https://whatsapp.com/channel/0029VaBE9cCLNSa3k4cMfg25

निवासियों की जिम्मेदारी और शुल्क

रजिस्ट्रेशन के बाद अगर मूल अलॉटी या उनके वारिसों की कोई आपत्ति होती है, तो पूरी जिम्मेदारी उस रहने वाले की होगी, जिसके नाम पर प्रॉपर्टी रजिस्टर की जाएगी। प्राधिकरण के एसीईओ सुनील कुमार सिंह के आदेशानुसार, यह नीति केवल सोसायटी मैनेजमेंट द्वारा सूचीबद्ध भवनों पर लागू होगी। अंतिम निवासी को हर हस्तांतरण के लिए अथॉरिटी द्वारा निर्धारित ट्रांसफर शुल्क और स्टांप शुल्क देना होगा।

ये भी पढ़ेंः Vaishno Devi: मां वैष्णो देवी दर्शन के लिए स्पेशल ट्रेन, टाइमिंग, किराया सब जान लीजिए

निवासियों को शपथ पत्र देना होगा कि वे किसी भी आपत्ति या बकाया के लिए जिम्मेदार होंगे और अदालत में मुकदमा नहीं करेंगे। इसके लिए 100 रुपये के स्टांप पेपर पर इंडेम्निटी बॉन्ड जमा करना अनिवार्य है। यह नीति केवल हाउसिंग सोसायटी पूरा होने से पहले खरीदे गए मामलों पर लागू होगी। इस फैसले से हजारों परिवारों को लंबे इंतजार के बाद राहत मिलने की उम्मीद है।