अब दिल्ली–मुंबई एक्सप्रेसवे को नोएडा से सीधे जोड़ने की तैयारी तेज़ हो गई है। इसके लिए तिगाँव (Tigaon) बाइपास के रास्ते एक नया लिंक रोड बनाया जा रहा है, जिससे फरीदाबाद और नोएडा के बीच प्रत्यक्ष कनेक्टिविटी मिलेगी और लोगों का सफर सरल होगा। यह बाइपास रोड योजना क्षेत्र में रह रहे लोगों को लंबी दूरी के लिए नई सड़क सुविधा देगा और यात्रा का समय कम करेगा।
NCR के अंदर सफर अब और आसान
दिल्ली और मुंबई को जोड़ने वाला यह एक्सप्रेसवे भारत का सबसे बड़ा और महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट है, जिसकी कुल लम्बाई लगभग 1350 से 1380 किमी है। इसे भारतमाला परियोजना के हिस्से के रूप में विकसित किया जा रहा है। तिगाँव बाइपास के ज़रिये जब यह एक्सप्रेसवे नोएडा से जुड़ेगा, तब फरीदाबाद, नोएडा और ग्रेटर नोएडा के बीच कनेक्टिविटी में बड़ा सुधार होगा।
कनेक्टिविटी से जीवन और व्यवसाय को लाभ
यह नया लिंक रोड सिर्फ दूरी को कम नहीं करेगा बल्कि यात्रियों को ट्रैफिक से राहत, तेज़ आवागमन और बेहतर यात्रा अनुभव प्रदान करेगा। वर्तमान में NCR में बहुत से लोग रोजाना काम, शिक्षा या अन्य कारणों से नोएडा–फरीदाबाद–ग्रेटर नोएडा मार्ग का इस्तेमाल करते हैं। तिगाँव बाइपास के पूर्ण होने के बाद यह यात्रा और तेज़ और सुविधाजनक होगी।
एक्सप्रेसवे का व्यापक प्रभाव
दिल्ली–मुंबई एक्सप्रेसवे पहले से ही बड़े हिस्सों में तैयार हो रहा है और इसका DND–फरीदाबाद लिंक भी प्रगति पर है। इस लिंक से फरीदाबाद की बाइपास रोड दिल्ली के DND फ्लाईओवर से जुड़ेगी, जिससे NCR की सड़क जाम और यात्रा समय की समस्या में कमी आएगी। इस तरह की योजनाओं से आसपास के रियल एस्टेट मार्केट और आर्थिक गतिविधियों को भी फायदा मिलेगा क्योंकि अच्छी सड़क संपर्क सुविधाएँ रोजगार और निवेश को आकर्षित करती हैं।
NCR में बेहतरीन सड़क नेटवर्क का विस्तार
दिल्ली के आसपास पहले से बनाए गए ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (Eastern Peripheral Expressway) जैसी परियोजनाओं ने Noida, Ghaziabad और Faridabad को बेहतर तरीके से जोड़ा है और ट्रैफिक भी कम किया है। इस नए लिंक रोड से NCR में और अधिक कनेक्टिविटी इफेक्ट आएगा।
