Punjab News: पंजाब में शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की दिशा में मुख्यमंत्री Bhagwant Mann के नेतृत्व वाली सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। राज्य के सरकारी स्कूलों के 72 शिक्षकों का एक दल विशेष प्रशिक्षण के लिए फिनलैंड रवाना हुआ है। यह अब तक का सबसे बड़ा बैच है, जिसे अंतरराष्ट्रीय स्तर की शिक्षा प्रणाली को समझने और नई शिक्षण तकनीकों को सीखने के लिए भेजा गया है। मुख्यमंत्री ने शिक्षकों को रवाना करते हुए कहा कि यह पहल पंजाब की “शिक्षा क्रांति” को और मजबूत करेगी।
शिक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव का दावा
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि पंजाब सरकार लगातार सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता सुधारने पर काम कर रही है। आधुनिक क्लासरूम, डिजिटल सुविधाएं, शिक्षकों की ट्रेनिंग और शिक्षा सुधारों के कारण सरकारी स्कूलों के परिणाम बेहतर हुए हैं। उन्होंने दावा किया कि बोर्ड परीक्षाओं में सरकारी स्कूलों ने कई जगह निजी स्कूलों को पीछे छोड़ दिया है।
उन्होंने कहा कि पहले की सरकारों ने सरकारी शिक्षा को नजरअंदाज किया, लेकिन अब हालात तेजी से बदल रहे हैं। पहली बार बड़े स्तर पर शिक्षक-अभिभावक बैठकें आयोजित की गईं, जिनमें लाखों अभिभावकों ने हिस्सा लिया। इससे सरकारी स्कूलों पर लोगों का भरोसा बढ़ा है।

फिनलैंड में मिलेगी आधुनिक शिक्षा की ट्रेनिंग
यह चौथा बैच है जिसे फिनलैंड भेजा गया है। इससे पहले 216 शिक्षक वहां प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके हैं। इस बार चुने गए 72 शिक्षकों में ईटीटी शिक्षक, हेड टीचर, सेंटर हेड टीचर और एक बीपीईओ शामिल हैं। इनका चयन ऑनलाइन आवेदन और तीन चरणों की जांच प्रक्रिया के बाद किया गया।
ये शिक्षक 18 मई से 29 मई 2026 तक फिनलैंड की यूनिवर्सिटी ऑफ तुर्कू में प्रशिक्षण लेंगे। वहां उन्हें आधुनिक शिक्षा पद्धति, छात्र-केंद्रित पढ़ाई, क्लासरूम मैनेजमेंट, तकनीक आधारित शिक्षा और लीडरशिप से जुड़ी ट्रेनिंग दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षक वहां से सीखकर पंजाब के स्कूलों में नई सोच और बेहतर माहौल तैयार करेंगे।
सरकारी स्कूलों में बढ़ रही सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब के लगभग 99 प्रतिशत सरकारी स्कूलों में कंप्यूटर उपलब्ध हैं और करीब सभी स्कूलों में बिजली की सुविधा पहुंच चुकी है। सरकार ने शिक्षकों का गैर-शैक्षणिक बोझ कम करने के लिए स्कूलों में कैंपस मैनेजर और सहायक स्टाफ की नियुक्ति भी की है ताकि शिक्षक केवल पढ़ाई पर ध्यान दे सकें।
उन्होंने कहा कि नीति आयोग की रिपोर्ट में भी पंजाब ने कई शिक्षा मानकों पर अच्छा प्रदर्शन किया है। गणित, विज्ञान और भाषा शिक्षा में राज्य ने बेहतर परिणाम दर्ज किए हैं।

शिक्षा सुधार से बढ़ा अभिभावकों का भरोसा
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि अब सरकारी स्कूल अभिभावकों और छात्रों की पहली पसंद बनते जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि हाल की पीटीएम बैठकों में करीब 24 लाख अभिभावकों ने हिस्सा लिया, जो सरकारी शिक्षा व्यवस्था पर बढ़ते भरोसे का संकेत है।
उन्होंने कहा कि सरकार आगे भी शिक्षकों को सिंगापुर और आईआईएम अहमदाबाद जैसे संस्थानों में प्रशिक्षण के लिए भेजती रहेगी। मुख्यमंत्री ने शिक्षकों, छात्रों और अभिभावकों को शिक्षा क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन के लिए बधाई भी दी।
