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Punjab News: पंजाब के 2162 आंगनवाड़ी केंद्रों में बनेंगे नए शौचालय – डॉ. बलजीत कौर

पंजाब
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Punjab News: Bhagwant Mann के नेतृत्व में पंजाब सरकार राज्य के आंगनवाड़ी केंद्रों में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठा रही है। सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों के 2162 आंगनवाड़ी केंद्रों में बच्चों के लिए नए शौचालय बनाने का फैसला किया है, जिससे छोटे बच्चों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सकेगा।

इस संबंध में जानकारी देते हुए पंजाब की सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री Baljit Kaur ने बताया कि इन शौचालयों के निर्माण पर लगभग 7.78 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।

बच्चों की स्वच्छता और स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान

डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि आंगनवाड़ी केंद्रों में बनाए जाने वाले ये शौचालय बच्चों की स्वास्थ्य, सुरक्षा और स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए तैयार किए जाएंगे। इससे आंगनवाड़ी केंद्रों में आने वाले बच्चों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और उनके लिए साफ-सुथरा वातावरण सुनिश्चित होगा।

उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य यह है कि छोटे बच्चों को शुरुआत से ही स्वच्छ और सुरक्षित माहौल मिले, जिससे उनके स्वास्थ्य और विकास पर सकारात्मक प्रभाव पड़े।

प्रत्येक शौचालय पर लगभग 36 हजार रुपये खर्च

मंत्री ने बताया कि प्रत्येक शौचालय के निर्माण पर लगभग 36 हजार रुपये की लागत आएगी। इसके लिए जल्द ही जिलों को फंड जारी किए जाएंगे ताकि निर्माण कार्य समय पर शुरू किया जा सके।

उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत आंगनवाड़ी केंद्रों के बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जाएगा और बच्चों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

आंगनवाड़ी केंद्र बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा का आधार

डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि आंगनवाड़ी केंद्र छोटे बच्चों की देखभाल और उनकी प्रारंभिक शिक्षा का पहला चरण होते हैं। ऐसे में वहां स्वच्छ, सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण उपलब्ध कराना सरकार की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है।

उन्होंने कहा कि बेहतर शौचालय सुविधाओं से न केवल बच्चों के स्वास्थ्य की रक्षा होगी, बल्कि अभिभावकों का भरोसा भी आंगनवाड़ी केंद्रों पर और मजबूत होगा।

ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग करेगा निर्माण

मंत्री ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में इन शौचालयों का निर्माण कार्य ग्रामीण विकास एवं पंचायत विभाग के माध्यम से कराया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि इस परियोजना को प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द पूरा किया जाए।