Punjab News: Malvinder Singh Kang ने भारतीय चुनाव आयोग को पत्र लिखकर पंजाब में चल रही स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) एक्सरसाइज को लेकर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि इस प्रक्रिया की पारदर्शिता और मंशा को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं, खासकर तब जब अन्य राज्यों में इसी तरह की कवायद के दौरान बड़ी संख्या में वोटरों के नाम हटाए जाने के आरोप लगे थे।
एनआरआई पंजाबी वोटर्स को लेकर जताई चिंता
आम आदमी पार्टी सांसद ने अपने पत्र में कहा कि पंजाब के लाखों एनआरआई वोटरों का राज्य के साथ गहरा भावनात्मक और लोकतांत्रिक संबंध है। उन्होंने आशंका जताई कि सख्त समय सीमा, फिजिकल वेरिफिकेशन और जटिल प्रक्रियाओं के कारण विदेश में रहने वाले कई असली पंजाबी वोटरों के नाम मतदाता सूची से हट सकते हैं।
कंग ने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि कोई भी वास्तविक मतदाता केवल तकनीकी कारणों या अस्थायी रूप से विदेश में रहने की वजह से अपने मतदान अधिकार से वंचित न हो।
“पंजाब को वोटर हेराफेरी का निशाना न बनाया जाए”
कंग ने आरोप लगाया कि पहले किसानों और पंजाब की छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई और अब वोटर वेरिफिकेशन के नाम पर असली पंजाबी वोटरों को सूची से हटाने का खतरा पैदा हो गया है।
उन्होंने कहा कि बिहार और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में भी इसी तरह की प्रक्रियाओं के दौरान बड़े स्तर पर नाम हटाए जाने के आरोप सामने आए थे। ऐसे में पंजाब को “वोटर हेराफेरी” का अगला निशाना नहीं बनने दिया जा सकता।
चुनाव आयोग से की ये प्रमुख मांगें
AAP सांसद ने चुनाव आयोग से एनआरआई वोटर्स के लिए आसान और व्यावहारिक व्यवस्था लागू करने की मांग की। उन्होंने सुझाव दिया कि—
- ऑनलाइन और डिजिटल वेरिफिकेशन की सुविधा शुरू की जाए
- दस्तावेज जमा करने के लिए लचीली समय सीमा दी जाए
- भारतीय दूतावासों और कॉन्सुलेट की मदद से सत्यापन कराया जाए
- शिकायत निवारण के लिए अलग सिस्टम बनाया जाए
- अस्थायी रूप से विदेश में रहने वाले वोटरों के नाम हटाने से बचाने के लिए सुरक्षा उपाय किए जाएं
“पंजाब पर सख्त शेड्यूल क्यों?”
कंग ने यह सवाल भी उठाया कि अन्य राज्यों की तुलना में पंजाब में इतना सख्त वेरिफिकेशन शेड्यूल क्यों लागू किया गया। उन्होंने इसे “चुनावी दबाव” बताते हुए कहा कि इससे राजनीतिक मंशा पर संदेह पैदा होता है।
लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा की अपील
Aam Aadmi Party सांसद ने पंजाब की सभी राजनीतिक पार्टियों और लोगों से सतर्क रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि किसी भी असली पंजाबी वोटर का नाम मतदाता सूची से न हटे।
कंग ने कहा कि पंजाब हमेशा लोकतंत्र और इंसाफ के लिए खड़ा रहा है और पंजाबी अपने लोकतांत्रिक अधिकारों को कमजोर करने की किसी भी कोशिश को स्वीकार नहीं करेंगे।
“AAP करेगी हर कोशिश का विरोध”
मालविंदर सिंह कंग ने दोहराया कि आम आदमी पार्टी वोटरों के अधिकारों को प्रभावित करने वाले किसी भी कदम का मजबूती से विरोध करेगी। उन्होंने चुनाव आयोग से पूरी पारदर्शिता के साथ निष्पक्ष और भरोसेमंद वोटर वेरिफिकेशन प्रक्रिया सुनिश्चित करने की मांग की।
