Skin Test: वरिष्ठ पत्रकार शशिकांत शर्मा का उपन्यास Skin Test बाजार में दस्तकत दे चुका है। उपन्यास का विषय बेहद ही संजीदा है। उपन्यास भले ही मीडिया के ग्लैमर को देखकर लिखा गया हो लेकिन मौजूदा दौर के हर फील्ड में ही ये टेस्ट बहुत ही चर्चित है। इसलिए भी इस उपन्यास का नाम ‘स्किन टेस्ट’ रखा गया है।

ग्रेटर नोएडा वेस्ट की सोसायटी हवेलिया वेलेंसिया में स्किन टेस्ट पर 25 जनवरी को एक परिचर्चा आयोजित की गई, जिसमें तमाम वरिष्ठ पत्रकारों के साथ मीडिया से इतर भी लोगों ने बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया। शारदा यूनिवर्सिटी उजबेकिस्तान के पूर्व रजिस्ट्रार डॉ सत्यवीर सिंह की भी उपस्थिति रही।

उपन्यास के लेखक शशिकांत मिश्र के मुताबिक उनकी किताब Skin Test में एंकरिंग की दुनिया के ‘गिव एंड टेक’ के हर पहलू से आपको रू-ब-रू कराने की कोशिश की गई है। खासकर उन नादान लड़कियों को जो एंकरिंग के लालच में वहाँ तक बढ़ जाती है, जहाँ से लौटने का कोई रास्ता उनके लिए नहीं बचता है। कॉस्टिंग काऊच की काली कहानी और इसके कर्णधार काल्पनिक हैं लेकिन आग और धुंआ का रिश्ता शाश्वत है और पूरी कहानी उसी आग और धुंए के इर्द-गिर्द घूम रही है।

शशिकांत मिश्र कहते हैं- मीडिया इंडस्ट्री में कॉस्टिंग काऊच की समझ को समृद्ध करने के लिए मीडिया जगत की उन तमाम महिला सहकर्मियों का तहे दिल से शुक्रिया जिन्होंने अपने ‘पर्सनल एक्सपीरियेंस’ और ‘इनसाइड इन्फॉर्मेशन’ को मुझसे साझा किया है। उनसे मिली खुफिया जानकारी और मीडिया जगत में 18 साल का मेरा खुद का कार्यकाल कहानी को यथार्थ के करीब लाने में मददगार साबित हुआ है। बाकी कहानी में मिर्च मसाला और अचार चटनी का जो किस्सा मिले, उसे आप मेरी किस्सागोई का हिस्सा समझ लीजिएगा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता शारदा यूनिवर्सिटी उज़बेकिस्तान में रजिस्ट्रार रहे डॉ सत्यवीर सिंह ने की. दिल्ली यूनिवर्सिटी के एसोसिएट प्रोफ़ेसर नरोत्तम विनीत, फ्रीलांस एडिटर सलिल राय ने भी इस कार्यक्रम में शिरकत की. कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के पूर्व सूचना आयुक्त गजेंद्र यादव, डिज़ाइनर मुकेश कुमार और शिल्पा आनंद ने भी अपने विचार रखे. बिज़नेस एक्सप्रेस के वरिष्ठ संपादकीय ज़िम्मेदारी निभा रहे विप्लव राही ने किताब के बारे में विस्तार से चर्चा की. इंडिया न्यूज़ के आउटपुट हेड कुलभास्कर ओझा ने कहा कि संगत से आदमी बहुत कुछ सीखता है और ये वक़्त हमेशा कुछ सीख कर आगे बढ़ते रहने का है.
इंडिया टीवी के अनीश सिंह, न्यूज़ नेशन के अरुण प्रकाश ने साहित्य को समाज का दर्पण बताया और कहा कि अपने गिरेबान में झांकने की हिम्मत हर कोई नहीं कर सकता. पठन-पाठन से दूर होती पीढ़ी के लिए इस आयोजन की अहमियत को तमाम लोगों ने रेखांकित किया. एबीपी लाइव से जुड़े उत्तम बनर्जी ने कहा कि युवाओं को अपनी महत्वाकांक्षाओं के जाल से बचना चाहिए.
क़रीब दो घंटे तक चले इस आयोजन में हवेलिया वैलेंसिया होम्स, निराला और सुपरटेक की सोसायटी में रहने वाले तमाम बुद्धिजीवियों ने शिरकत की. विनोद कुमार, कल्पना अग्रवाल, पुनीत प्रकाश, अनुराग सहगल, राजन सिंह, गौरव कुच्छाल, टी आर शर्मा, एस के द्विवेदी, कनक, कमल, कंचन, रश्मि शुक्ला, निधि अग्रवाल, हेमा गोयल, अंकिता खरे, सर्बानी शर्मा, गीता बंसल, मयंक कुच्छाल, हेमंत कुमार, अनुरादा और मुक्ति सिंह ने भी कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई.
लेखक के बारे में
शशिकांत मिश्र का यूपी के बागी बलिया और बिहार के कटिहार से जन्मभूमि और कर्मभूमि का रिश्ता है। बलिया ब्रह्मा जी को चुनौती देनेवाले भुगु बाबा की नगरी और सीता जी की कटि से गिरनेवाले हार की वजह से कटिहार का नामांकरण ! किस्से कहानियों की इसी समृद्ध विरासत के साथ बचपन से लेकर अबतक आवारगी में जमाने की सैर कर रहे हैं।
बीच का कुछ समय लालबत्ती के ख्वाब और लोकतंत्न के चौथे स्तंभ की शार्गिदी में गुजरा । मुखर्जी नगर से लेकर इंडिया टीवी, स्टार न्यूज-एबीपी न्यूज, टीवी 9 भारतवर्ष तक में कई गुरुओं और गुरूघंटालों का सांनिध्य मिला । गुरुओं की सीख निजी जिंदगी में काम आ रही है, गुरुघंटालों से मिली सीख सियासत और सितारों की दुनिया मुंबई में काम आ रही है।
‘ब्लू टिक’ वेबसरीज और ‘अटल’ सीरियल मुंबई की उपलब्धि है।
उपन्यास की दुनिया में ‘नॉन रेजिडेंट बिहारी’, ‘वैलेंटाइन बाबा’ और ‘मीडिया लाइफ’ के बाद अब स्किन टेस्ट आपके हाजिर-नाजिर पेश कर रहा हूं।
शशिकांत मिश्र के उपन्यास स्किन टेस्ट आप नीचे दिए गए लिंक से भी ऑर्डर कर सकते हैं।
ख़बरी मीडिया की तरफ से शशिकांत मिश्र को उपन्यास के लिए ढेर सारी शुभकानाएं।
