MP News: उज्जैन, 26 जनवरी 2026, 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उज्जैन में शिप्रा नदी के तट स्थित कार्तिक मेला ग्राउंड पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया। यह अवसर ऐतिहासिक रहा, क्योंकि उज्जैन में पहली बार गणतंत्र दिवस समारोह इस स्थल पर आयोजित किया गया। ध्वजारोहण के बाद मुख्यमंत्री ने परेड की सलामी ली और प्रदेशवासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दीं।
पहली बार बदला गया गणतंत्र दिवस समारोह का स्थल
इस वर्ष उज्जैन में परंपरागत दशहरा मैदान की जगह कार्तिक मेला ग्राउंड को गणतंत्र दिवस समारोह के लिए चुना गया। शिप्रा नदी के पावन तट पर आयोजित इस कार्यक्रम ने धार्मिक, सांस्कृतिक और राष्ट्रीय भावना को एक साथ जोड़ा। बड़ी संख्या में नागरिक, जनप्रतिनिधि, अधिकारी और स्कूली बच्चे कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
संविधान और लोकतंत्र की मजबूती पर दिया जोर
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अपने संबोधन में कहा कि भारत का संविधान लोकतंत्र, समानता और सामाजिक न्याय की मजबूत नींव है। उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस केवल उत्सव का दिन नहीं, बल्कि संविधान निर्माताओं और स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान को स्मरण करने का अवसर है। उन्होंने प्रदेशवासियों से संविधान के मूल्यों को जीवन में अपनाने का आह्वान किया।
उज्जैन के विकास और शिप्रा संरक्षण की बात
मुख्यमंत्री ने कहा कि उज्जैन न केवल धार्मिक नगरी है, बल्कि विकास और सांस्कृतिक विरासत का केंद्र भी है। शिप्रा नदी के संरक्षण, पर्यटन विकास और बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने के लिए राज्य सरकार लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि उज्जैन को आधुनिक सुविधाओं से जोड़ते हुए उसकी ऐतिहासिक पहचान को सुरक्षित रखा जाएगा।
युवाओं और किसानों के लिए योजनाओं का उल्लेख
अपने भाषण में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को रोजगार, किसानों को समृद्धि और गरीबों को सम्मानजनक जीवन देने के लिए प्रतिबद्ध है। शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, बिजली और निवेश के क्षेत्र में किए जा रहे कार्य मध्य प्रदेश को विकास की नई दिशा दे रहे हैं।
देशभक्ति से भरा रहा समारोह
कार्यक्रम के दौरान स्कूली बच्चों द्वारा देशभक्ति से जुड़े सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। “जन गण मन” और राष्ट्रगान के साथ समारोह का समापन हुआ। शिप्रा तट पर फहराता तिरंगा पूरे आयोजन का मुख्य आकर्षण रहा।
