Greater Noida: ग्रेटर नोएडा के लोगों के लिए बड़ी राहत की खबर है। डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (DFC) पर तिलपता और मकौड़ा गांव के बीच बना छह लेन का रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) आम लोगों के लिए खोल दिया गया है। पुल शुरू होने के साथ ही इस मार्ग पर वाहनों की आवाजाही शुरू हो गई है, जिससे ग्रेटर नोएडा ईस्ट और ग्रेटर नोएडा वेस्ट के बीच सफर पहले की तुलना में अधिक आसान हो गया है।
तकनीकी जांच के बाद खोला गया आरओबी
आरओबी का 9 जून को तकनीकी परीक्षण किया गया था। जांच के दौरान सामने आई कमियों को दूर करने के बाद प्रशासन ने पुल को सुरक्षित मानते हुए आम यातायात के लिए खोलने की अनुमति दे दी।
परियोजना प्रबंधक मदन गौतम ने बताया कि अब इस मार्ग से सभी प्रकार के वाहन गुजर सकेंगे, जिससे लोगों का सफर सुगम होगा।
छह लेन का 1600 मीटर लंबा ओवरब्रिज
तिलपता और मकौड़ा गांव के बीच बना यह रेलवे ओवरब्रिज करीब 1600 मीटर लंबा और छह लेन का है। इसे भारी वाहनों और इलेक्ट्रिक बसों के दबाव को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।
यह पुल 130 मीटर रोड पर डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर को पार करता है और ग्रेटर नोएडा ईस्ट तथा वेस्ट को जोड़ने वाले प्रमुख मार्गों में शामिल है।
बारिश में जलभराव की समस्या से मिलेगी राहत
इस स्थान पर पहले अंडरपास था, जहां मानसून के दौरान जलभराव की समस्या आम थी। पानी भरने के कारण लोगों को लंबे जाम और आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता था।
आरओबी शुरू होने के बाद बारिश के दौरान अंडरपास में जलभराव से होने वाली समस्याओं और ट्रैफिक जाम से काफी हद तक राहत मिलने की उम्मीद है।
इलेक्ट्रिक बसों का संचालन भी हुआ आसान
130 मीटर रोड पर वाहनों की संख्या लगातार बढ़ रही है। आरओबी शुरू होने से इलेक्ट्रिक बसों का संचालन भी अधिक सुचारु हो सकेगा और सार्वजनिक परिवहन को भी लाभ मिलेगा।
तिलपता गोलचक्कर पर जल्द बनेंगे यू-टर्न
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण अब 130 मीटर रोड को पूरी तरह जाम मुक्त बनाने की दिशा में भी काम कर रहा है।
तिलपता गोलचक्कर के दोनों ओर नए यू-टर्न बनाए जाएंगे। इसके लिए टेंडर जारी किया जा चुका है और अगले एक महीने में निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना है।
अधिकारियों के अनुसार, परियोजना को पूरा होने में लगभग तीन से चार महीने लगेंगे।
130 मीटर रोड पर ट्रैफिक होगा और सुगम
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ ने परियोजना विभाग को 130 मीटर रोड पर ट्रैफिक जाम कम करने के निर्देश दिए हैं। सड़क चौड़ीकरण का काम भी तेजी से चल रहा है।
नए यू-टर्न और सड़क चौड़ीकरण के बाद तिलपता गोलचक्कर पर वाहनों का दबाव कम होगा और ग्रेटर नोएडा ईस्ट तथा वेस्ट के बीच यात्रा पहले से अधिक तेज और सुविधाजनक हो जाएगी।
