Delhi News: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने घोषणा की है कि राजधानी में चंद्रावल में एक नया वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट (जल शोधन संयंत्र) 2026 में चालू किया जाएगा। इस परियोजना का उद्देश्य दिल्ली के पानी की आपूर्ति प्रणाली को मजबूत करना और पीने के पानी की गुणवत्ता तथा उपलब्धता को बेहतर बनाना है।
परियोजना का इतिहास और महत्व
चंद्रावल वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट को 105 मिलियन गैलन प्रतिदिन (MGD) क्षमता के साथ बनाया जाएगा और इसका अनुमानित खर्च लगभग ₹599 करोड़ है। यह परियोजना मूल रूप से 2012 में स्वीकृत हुई थी लेकिन पिछले कुछ वर्षों में इसे लागू करने में देरी होती रही। विभिन्न तकनीकी और प्रक्रियात्मक कारणों से समय लगता रहा, जिससे लागत में भी वृद्धि हुई।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि जैसे ही यह संयंत्र चालू होगा, यह न केवल पानी की मात्रा बढ़ाएगा बल्कि शहर के पानी की गुणवत्ता और विश्वसनीयता में भी उल्लेखनीय सुधार लाएगा। इससे दिल्लीवासियों को साफ और सुरक्षित पीने का पानी उपलब्ध होगा।
दिल्ली के लोगों को मिलेगा सीधा लाभ
प्लांट के चालू होने पर इसका फ़ायदा दिल्ली की लगभग 11 प्रतिशत आबादी को मिलेगा और यह शहर के कई इलाकों में पानी की सप्लाई में सुधार करेगा। संयंत्र के साथ ही पानी की आपूर्ति और वितरण लाइनों को भी बदला जाएगा और उन्हें मजबूत किया जाएगा ताकि पानी की हानि कम हो सके और दौरा–दौरा पर पानी की गुणवत्ता बनी रहे।
इस परियोजना के अंतर्गत न केवल पानी की शोधन क्षमता बढ़ाई जाएगी, बल्कि भूमिगत जल भंडारों का सुदृढ़ीकरण, जल मीटर स्थापित करना, पानी दूषित न होने देने के उपाय और शिकायत निवारण केंद्रों की स्थापना भी शामिल है।
पानी की हानि कम होने की उम्मीद
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि नई पाइपलाइन और वितरण सिस्टम के कारण अब पानी की तकनीकी हानि (non-revenue water loss) को 30–45 प्रतिशत से घटाकर 15 प्रतिशत से कम करने का लक्ष्य रखा गया है। इससे पानी की बर्बादी में भारी कमी आएगी और अधिक पानी सीधे लोगों तक पहुंचेगा।
खराब पानी की समस्या का समाधान
दिल्ली में कई इलाकों में पानी की कमी और खराब पानी की शिकायतें समय-समय पर सामने आती रही हैं, इसलिए नया वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट इन समस्याओं को दूर करने में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इसके लागू होने से पानी की उपलब्धता के साथ-साथ उसकी गुणवत्ता भी सुधरेगी, जिससे दैनिक जीवन और स्वास्थ्य दोनों पर सकारात्मक असर पड़ेगा।
चंद्रावल में बनने वाला यह नया जल शोधन संयंत्र दिल्ली के पानी की समस्या का एक बड़ा समाधान हो सकता है। यह परियोजना राजधानी के पानी की गुणवत्ता, उपलब्धता और विश्वसनीयता को बढ़ाकर दिल्लीवासियों के लिए पीने के पानी को अधिक सुरक्षित और पर्याप्त बनाएगी। साथ ही, पानी की बर्बादी को कम करने और वितरण प्रणाली को बेहतर बनाने में भी यह कदम मददगार साबित होगा।
