Chhattisgarh News: रायपुर, 14 जुलाई। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दुर्ग जिले के ग्राम गनियारी में आयोजित पद्म विभूषण स्वर्गीय डॉ. तीजन बाई की दशगात्र एवं श्रद्धांजलि सभा में शामिल होकर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर उन्होंने घोषणा की कि राज्य सरकार लोककला की महान साधिका डॉ. तीजन बाई की स्मृतियों को चिरस्थायी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण पहल करेगी, ताकि आने वाली पीढ़ियां उनकी कला और संघर्ष से प्रेरणा ले सकें।
हर वर्ष दिया जाएगा ‘डॉ. तीजन बाई लोककला अलंकरण’
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्योत्सव के अवसर पर प्रतिवर्ष ‘डॉ. तीजन बाई लोककला अलंकरण’ प्रदान किया जाएगा। इस सम्मान के माध्यम से लोककला के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले कलाकारों को सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार डॉ. तीजन बाई की लोककला साधना और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखने का माध्यम बनेगा।
गनियारी के स्कूल का होगा नामकरण
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने घोषणा की कि ग्राम गनियारी स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का नाम स्वर्गीय डॉ. तीजन बाई के नाम पर रखा जाएगा। उनका कहना था कि इससे क्षेत्र के विद्यार्थियों को उनके जीवन संघर्ष, समर्पण और उपलब्धियों से प्रेरणा मिलेगी।
रायपुर संग्रहालय में संरक्षित रहेगा डॉ. तीजन बाई का तंबूरा
मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. तीजन बाई की कला-साधना का प्रतीक तंबूरा रायपुर के संग्रहालय में पूरे सम्मान के साथ संरक्षित किया जाएगा। इससे भविष्य की पीढ़ियां उनकी सांस्कृतिक विरासत और पंडवानी कला से परिचित हो सकेंगी।
छत्तीसगढ़ की संस्कृति को दिलाई वैश्विक पहचान
मुख्यमंत्री ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि डॉ. तीजन बाई केवल छत्तीसगढ़ ही नहीं, बल्कि पूरे देश की सांस्कृतिक पहचान थीं। उन्होंने अपनी विलक्षण प्रतिभा और पंडवानी की कापालिक शैली के माध्यम से छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति को विश्व मंच तक पहुंचाया और भारतीय लोककला को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाई।
लोककला के प्रति समर्पित रहा पूरा जीवन
मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. तीजन बाई का संपूर्ण जीवन लोककला, संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए समर्पित रहा। उनकी कला और साधना आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा प्रेरणा का स्रोत बनी रहेगी।
श्रद्धांजलि सभा में जुटे जनप्रतिनिधि और कलाकार
श्रद्धांजलि सभा में सांसद विजय बघेल, पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल, विधायक पद्मश्री अनुज शर्मा सहित कई जनप्रतिनिधियों ने डॉ. तीजन बाई के व्यक्तित्व और लोककला में उनके अतुलनीय योगदान को याद करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
