Punjab News: पंजाब के मूनक में एक शादी समारोह में भोजन करने के बाद कई लोगों की तबीयत बिगड़ने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद पंजाब सरकार ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को मजबूत किया। कैबिनेट मंत्री एडवोकेट Barinder Kumar Goyal ने सिविल अस्पताल मूनक पहुंचकर मरीजों का हालचाल जाना और अधिकारियों को बेहतर इलाज सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मंत्री ने अस्पताल में भर्ती मरीजों से बातचीत की और इलाज की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि सभी प्रभावित लोगों को लगातार चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं और इलाज में किसी तरह की कमी नहीं रहनी चाहिए। मंत्री ने स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों को पूरी गंभीरता से स्थिति पर नजर रखने को कहा।

कई लोग हुए बीमार, अस्पतालों में जारी इलाज
जानकारी के अनुसार, हाल ही में मूनक में आयोजित एक शादी समारोह में भोजन करने के बाद महिलाओं, पुरुषों, बच्चों और बुजुर्गों समेत कई लोगों की तबीयत अचानक खराब हो गई। इसके बाद प्रभावित लोगों को तुरंत सिविल अस्पताल मूनक और कुछ निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया। वर्तमान में सभी मरीजों का इलाज जारी है।
कैबिनेट मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने बताया कि करीब 72 लोगों को सरकारी और निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। उन्होंने राहत की बात बताते हुए कहा कि सभी मरीज खतरे से बाहर हैं और डॉक्टरों की टीमें लगातार उनकी देखभाल कर रही हैं।
डॉक्टरों की विशेष टीमें इलाज में जुटीं
स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने कई शहरों से विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीमें मूनक भेजी हैं। कौहरियां, संगरूर, भवानीगढ़ और लहरागागा से डॉक्टरों की टीमों को इलाज के लिए लगाया गया है। इसके अलावा पटियाला से भी विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम अस्पताल पहुंच रही है।
मंत्री ने बताया कि सिविल सर्जन संगरूर खुद पूरे मामले की निगरानी कर रहे हैं। डायरेक्टर हेल्थ से भी बातचीत की गई है ताकि इलाज में किसी प्रकार की कमी न रहे। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तीन एंबुलेंस भी मौके पर तैयार रखी गई हैं।

मिलावटखोरी रोकने के लिए सख्त कानून की मांग
मामले पर बातचीत करते हुए मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने खाद्य पदार्थों में मिलावट को गंभीर समस्या बताया। उन्होंने कहा कि दूध और अन्य खाद्य सामग्री में मिलावट रोकने के लिए केंद्र सरकार को देशभर में सख्त कानून बनाने चाहिए ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार इस पूरे मामले को गंभीरता से ले रही है और जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने यह भी भरोसा दिलाया कि जब तक सभी मरीज पूरी तरह स्वस्थ नहीं हो जाते, तब तक प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग लगातार निगरानी करता रहेगा।
