Chhattisgarh News: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ के कई जिलों से महिला सशक्तिकरण की प्रेरक कहानियां सामने आ रही हैं। सरकारी योजनाओं और स्व-सहायता समूहों के सहयोग से ग्रामीण महिलाएं अब आत्मनिर्भर बन रही हैं।
राज्य में बिहान मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना और महतारी वंदन योजना जैसी योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की कोशिश की जा रही है। इन योजनाओं के कारण कई महिलाएं अब खुद का व्यवसाय शुरू कर रही हैं और परिवार की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

सरगुजा में महिलाओं के लिए नए रोजगार
सरगुजा जिले में महिला सशक्तिकरण का एक अलग मॉडल देखने को मिला है। प्रधानमंत्री आवास योजना से जुड़े निर्माण कार्यों ने महिलाओं के लिए नए रोजगार के अवसर बनाए हैं।
यहां 650 से अधिक महिलाएं सेंट्रिंग प्लेट के व्यवसाय से जुड़ी हुई हैं और लगभग 1000 सेंट्रिंग प्लेट सेट का संचालन कर रही हैं। इसके अलावा 271 महिलाएं ईंट निर्माण के काम में लगी हुई हैं। कई महिलाएं सीमेंट और छड़ के कारोबार से भी जुड़कर नियमित आय कमा रही हैं।
जिले में 319 महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं, जो अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणा बन रही हैं।
धमतरी में महिलाओं का सम्मान
धमतरी जिले में 8 मार्च को “महतारी वंदन महिला सम्मान उत्सव” आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों में अच्छा काम करने वाली महिलाओं और स्व-सहायता समूहों को सम्मानित किया जाएगा।
कार्यक्रम की खास बात यह होगी कि Vishnu Deo Sai बस्तर से धमतरी की महिलाओं के साथ सीधा संवाद करेंगे। इस संवाद के माध्यम से महिलाएं अपने अनुभव और सुझाव भी साझा कर सकेंगी।
रायगढ़ की गायत्री यादव बनीं प्रेरणा
रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ विकासखंड के तालगांव की रहने वाली Gayatri Yadav महिला सशक्तिकरण का प्रेरक उदाहरण बनकर सामने आई हैं।
बिहान योजना से जुड़ने के बाद उन्होंने अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत की। इसके साथ ही उन्होंने आठ पंचायतों की महिलाओं को स्व-सहायता समूहों और आजीविका गतिविधियों से जोड़ने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

बालोद में महतारी सदन बना महिलाओं का केंद्र
बालोद जिले के गुरूर विकासखंड के कर्रेझर गांव में बनाया गया महतारी सदन महिलाओं के लिए सशक्तिकरण का केंद्र बन गया है।
यहां महिलाएं एक साथ बैठकर बैठक, प्रशिक्षण और अपने उत्पादों के भंडारण और बिक्री का काम करती हैं। इससे महिलाओं की आय बढ़ रही है और उन्हें अपने काम को आगे बढ़ाने का अवसर मिल रहा है।
छत्तीसगढ़ के अलग-अलग जिलों में महिलाओं की ये उपलब्धियां यह दिखाती हैं कि जब सरकारी योजनाओं का सही लाभ मिलता है और महिलाएं मेहनत करती हैं, तो समाज में बड़ा बदलाव संभव है। आज प्रदेश की महिलाएं विकास की मुख्य धारा में अपनी मजबूत भूमिका निभा रही हैं।
