Chhattisgarh News: गणतंत्र दिवस पर कर्तव्य पथ पर निकलने वाली छत्तीसगढ़ की झांकी इस बार देशभर के लोगों के लिए खास आकर्षण बनने जा रही है। यह झांकी “स्वतंत्रता का मंत्र – वंदे मातरम्” थीम पर आधारित है, जिसमें जनजातीय वीर नायकों के संघर्ष और बलिदान को जीवंत रूप में दिखाया जाएगा।
🏛️ देश के पहले जनजातीय डिजिटल संग्रहालय की झलक
छत्तीसगढ़ की झांकी में देश के पहले जनजातीय डिजिटल संग्रहालय को प्रमुखता से दर्शाया गया है। यह संग्रहालय नवा रायपुर अटल नगर में स्थापित है, जहां देशभर के 14 प्रमुख जनजातीय स्वतंत्रता आंदोलनों को आधुनिक डिजिटल तकनीक के माध्यम से प्रस्तुत किया गया है।
इस ऐतिहासिक संग्रहालय का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ राज्य गठन की रजत जयंती के अवसर पर किया था।
🎤 राष्ट्रीय रंगशाला कैंप में हुआ प्रेस प्रीव्यू
रक्षा मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय रंगशाला कैंप में झांकी का प्रेस प्रीव्यू आयोजित किया गया। इसमें राष्ट्रीय मीडिया के सामने छत्तीसगढ़ की झांकी का भव्य प्रदर्शन किया गया। झांकी के जरिए उन जनजातीय वीरों को श्रद्धांजलि दी गई, जिन्होंने अंग्रेजी शासन के अन्याय के खिलाफ संघर्ष किया और देश की आज़ादी के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए।
🎨 एक महीने की मेहनत से तैयार हुई झांकी
विशेषज्ञ समिति से अंतिम मंजूरी मिलने के बाद जनसंपर्क विभाग के अधिकारी और कलाकार बीते एक महीने से लगातार मेहनत कर झांकी को अंतिम रूप दे रहे हैं। इस वर्ष गणतंत्र दिवस परेड के लिए 17 राज्यों की झांकियों का चयन किया गया है, जिनमें छत्तीसगढ़ की झांकी भी शामिल है।
⚔️ झांकी में दिखेंगे जनजातीय संघर्ष के प्रेरणादायी दृश्य
वीर गुंडाधुर का भूमकाल विद्रोह
झांकी के आगे के हिस्से में 1910 के भूमकाल विद्रोह के नायक वीर गुंडाधुर को दर्शाया गया है। उन्होंने जनजातीय समाज को संगठित कर अंग्रेजों के खिलाफ बड़ा आंदोलन खड़ा किया। झांकी में आम की टहनियां और सूखी मिर्च को विद्रोह के प्रतीक के रूप में दिखाया गया है।
वीर नारायण सिंह की शौर्य गाथा
झांकी के पीछे के हिस्से में छत्तीसगढ़ के पहले शहीद वीर नारायण सिंह को घोड़े पर सवार, तलवार लिए दिखाया गया है। उन्होंने अकाल के समय गरीबों की मदद की और 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में अहम भूमिका निभाई।
🌾 जनजातीय समाज के साहस और बलिदान की झलक
पूरी झांकी जनजातीय समाज के साहस, देशभक्ति और स्वतंत्रता के प्रति समर्पण को प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करती है। यह झांकी आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देने का कार्य करेगी।
