Chhattisgarh News: रायपुर, 28 जून। प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत रूफटॉप सोलर संयंत्र लगाने वाले उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर है। सोलर एनर्जी कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (सेकी) ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान ग्रिड में भेजी गई अतिरिक्त (सरप्लस) सोलर बिजली की खरीद दर तय कर दी है। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी ने इस दर को लागू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
बिजली बिल में मिलेगा सीधा क्रेडिट
पावर कंपनी के अनुसार प्रस्ताव को अंतिम मंजूरी के लिए छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग (सीएसईआरसी) को भेजा गया है। मंजूरी मिलते ही उपभोक्ताओं को ग्रिड में भेजी गई अतिरिक्त बिजली की राशि आगामी बिजली बिलों में क्रेडिट के रूप में समायोजित की जाएगी।
नेट मीटरिंग से मिलेगा आर्थिक लाभ
नेट मीटरिंग व्यवस्था के तहत पहले सोलर संयंत्र से बनी बिजली उपभोक्ता की मासिक खपत में समायोजित होती है। इसके बाद बची हुई बिजली ग्रिड में भेजी जाती है। वित्तीय वर्ष के अंत में इन अतिरिक्त यूनिटों का तय बायबैक रेट पर भुगतान किया जाता है और इसकी राशि उपभोक्ता के खाते में जोड़ दी जाती है।
हर नए वित्तीय वर्ष में शुरू होगा नया लेखा-जोखा
पावर कंपनी ने स्पष्ट किया है कि प्रत्येक वित्तीय वर्ष की शुरुआत में अतिरिक्त यूनिटों का रिकॉर्ड शून्य से शुरू होता है। हालांकि, पिछले वर्ष की बची हुई अतिरिक्त बिजली का आर्थिक मूल्य सुरक्षित रहता है और उसे आगामी बिजली बिलों में क्रेडिट के रूप में समायोजित किया जाता है। इससे राज्य के हजारों रूफटॉप सोलर उपभोक्ताओं को सीधे आर्थिक लाभ मिलेगा।
