Uttrakhand News: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नगर निगम देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में जुगमन्दर हॉल के जीर्णोद्धार और नवीनीकरण कार्य का लोकार्पण किया। इस परियोजना की कुल लागत 2 करोड़ 32 लाख 50 हजार रुपये है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने नगर निगम क्षेत्र के छह स्थानों पर पार्कों के विकास और सौंदर्यीकरण कार्यों का शिलान्यास भी किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार “विकास भी, विरासत भी” के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। उनका मानना है कि तेज विकास के साथ-साथ सांस्कृतिक धरोहर और पहचान को बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है।
देहरादून को आधुनिक और स्वच्छ शहर बनाने के प्रयास
धामी ने बताया कि नगर निगम देहरादून ने शहर में कई सुधार किए हैं। इसमें शामिल हैं:
- 35 नए पार्क और हरित क्षेत्र का विकास
- केदारपुरम में योगा थीम पर आधारित सबसे बड़ा पार्क
- वीर बलिदानियों की स्मृति में विशेष स्मृति पार्क
- जल संरक्षण के लिए रिचार्ज पिट
- 30 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन और 11 चार्जिंग स्टेशन
साथ ही स्मार्ट सिटी मिशन और अमृत योजना के माध्यम से जल आपूर्ति, सीवरेज व्यवस्था और अन्य मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाया जा रहा है।
कचरा प्रबंधन और स्वच्छता में सुधार
मुख्यमंत्री ने बताया कि कचरा प्रबंधन को आधुनिक बनाने के लिए मैकेनाइज्ड ट्रांसफर स्टेशन और इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर की स्थापना की गई है। शहर में कचरा संग्रहण में लगे वाहनों की संख्या बढ़ाकर 300 कर दी गई है।

प्रधानमंत्री परियोजनाओं से जुड़ी उपलब्धियां
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, ओडीएफ अभियान जैसी योजनाओं से नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिल रही हैं। अर्बन हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर के माध्यम से बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
ट्रैफिक और आवागमन में सुधार
रिस्पना और बिंदाल नदियों के ऊपर एलिवेटेड रोड निर्माण की योजना तैयार है, जिससे ट्रैफिक दबाव कम होगा। साथ ही दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के निर्माण से आवागमन और तेज और आसान होगा।
सरकारी भूमि पर अतिक्रमण पर सख्त कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने नगर निगम को निर्देश दिया कि सरकारी भूमि पर किसी प्रकार का अतिक्रमण न हो। जनता से भी उन्होंने अपील की कि देहरादून को स्वच्छ, सुंदर और विकसित शहर बनाने में सहयोग करें।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में देहरादून में विकास और विरासत को समान रूप से महत्व दिया जा रहा है। जुगमन्दर हॉल का नवीनीकरण और नए पार्कों का निर्माण शहरवासियों के लिए बेहतर सुविधाओं के साथ-साथ सांस्कृतिक और पर्यावरणीय सुधार भी लेकर आ रहा है।
