G7 Summit 2026: फ्रांस के एवियन में आयोजित G7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच महत्वपूर्ण द्विपक्षीय बैठक हुई। दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका संबंधों को नई ऊंचाइयों तक ले जाने और विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करने पर विस्तृत चर्चा की। यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब वैश्विक स्तर पर कई आर्थिक और भू-राजनीतिक चुनौतियां सामने हैं।
पश्चिम एशिया की स्थिति पर चर्चा
बैठक के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने पश्चिम एशिया में शांति और स्थिरता बहाल करने के लिए किए जा रहे प्रयासों का स्वागत किया। उन्होंने क्षेत्र में तनाव कम होने को वैश्विक अर्थव्यवस्था और अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए सकारात्मक बताया। साथ ही समुद्री व्यापार मार्गों की सुरक्षा और नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
व्यापार समझौते को लेकर बढ़ी उम्मीदें
दोनों नेताओं ने भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित अंतरिम द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर हुई प्रगति की समीक्षा की। चर्चा के दौरान इस बात पर सहमति बनी कि समझौता दोनों देशों के लिए संतुलित, लाभकारी और व्यापारिक दृष्टि से प्रभावी होना चाहिए। अधिकारियों को जल्द से जल्द बातचीत पूरी कर समझौते को अंतिम रूप देने के निर्देश दिए गए।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह समझौता जल्द पूरा होता है तो दोनों देशों के बीच व्यापारिक गतिविधियों को नई गति मिल सकती है और निवेश के अवसर भी बढ़ सकते हैं।
रक्षा और तकनीकी सहयोग को मिलेगा बढ़ावा
प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप ने रक्षा क्षेत्र में सहयोग को और मजबूत बनाने पर सहमति जताई। इसके अलावा उन्नत तकनीक, ऊर्जा सुरक्षा, सेमीकंडक्टर, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और नवाचार के क्षेत्रों में साझेदारी बढ़ाने पर भी जोर दिया गया। दोनों नेताओं ने माना कि भविष्य की वैश्विक अर्थव्यवस्था में तकनीकी सहयोग महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
भारत-अमेरिका संबंधों की हुई समीक्षा
बैठक में दोनों देशों के बीच पिछले वर्षों में हुए सहयोग और उपलब्धियों की समीक्षा की गई। नेताओं ने रक्षा, ऊर्जा, तकनीक और व्यापार जैसे क्षेत्रों में हासिल प्रगति पर संतोष व्यक्त किया और आने वाले वर्षों में इन संबंधों को और मजबूत बनाने का संकल्प लिया।
वैश्विक चुनौतियों पर साझा दृष्टिकोण
दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचार-विमर्श किया। उन्होंने माना कि वर्तमान अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों में लोकतांत्रिक देशों के बीच सहयोग पहले से अधिक महत्वपूर्ण हो गया है। वैश्विक शांति, आर्थिक स्थिरता और सुरक्षित व्यापारिक वातावरण के लिए संयुक्त प्रयासों की आवश्यकता पर भी सहमति बनी।
नई दिशा में बढ़ती रणनीतिक साझेदारी
बैठक के अंत में प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप ने भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई। दोनों नेताओं ने विश्वास जताया कि आपसी सहयोग और संवाद के माध्यम से दोनों देश न केवल अपने नागरिकों के हितों को आगे बढ़ाएंगे, बल्कि वैश्विक विकास और स्थिरता में भी महत्वपूर्ण योगदान देंगे।
G7 सम्मेलन के दौरान हुई यह मुलाकात भारत और अमेरिका के बीच लगातार मजबूत होते संबंधों का संकेत मानी जा रही है। आने वाले महीनों में व्यापार, रक्षा और तकनीकी सहयोग के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण पहल देखने को मिल सकती हैं।
