Jharkhand

Jharkhand: CM हेमंत सोरेन ने अमित शाह को लिखा पत्र, CRPF बकाया 13,299 करोड़ रुपये माफ करने की मांग

झारखंड राजनीति
Spread the love

उन्होंने कहा- नक्सल उन्मूलन केंद्र और राज्य की साझा जिम्मेदारी, भुगतान से विकास योजनाएं होंगी प्रभावित

Jharkhand News: झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन (CM Hemant Soren) ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Minister Amit Shah) को पत्र लिखकर केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की प्रतिनियुक्ति के लिए बकाया 13,299.69 करोड़ रुपये के भुगतान से पूर्ण छूट देने का आग्रह किया है। उन्होंने केंद्र सरकार से इस राशि को वेव-ऑफ करने की मांग की है, ताकि राज्य की आर्थिक चुनौतियों को कम किया जा सके।

Pic Social Media

सीएम हेमंत सोरेन (CM Hemant Soren) ने पत्र में कहा कि नक्सलवाद को जड़ से खत्म करना केंद्र और राज्य सरकार की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि कोविड-19 महामारी के बाद झारखंड सरकार आर्थिक पुनरुत्थान, आपदा प्रबंधन और जन-कल्याणकारी योजनाओं को लागू करने में जुटी है। सीमित संसाधनों के कारण राज्य पर वित्तीय बोझ बढ़ गया है। ऐसे में CRPF प्रतिनियुक्ति का बकाया भुगतान करना राज्य के लिए भारी वित्तीय बोझ साबित होगा, जिससे विकास योजनाएं प्रभावित हो सकती हैं।

ये भी पढ़ेंः Jharkhand की इस परियोजना को विश्व बैंक ने की सराहना, 4 साल में 21 मिलियन डॉलर का टर्नओवर

नक्सल विरोधी अभियान में झारखंड की भूमिका

सीएम हेमंत सोरेन (CM Hemant Soren) ने पत्र में उल्लेख किया कि झारखंड गठन के समय से ही नक्सलवाद से प्रभावित रहा है। राज्य सरकार ने अपने संसाधनों और केंद्र द्वारा तैनात CRPF के सहयोग से नक्सल विरोधी अभियान चलाया है, जिसके परिणामस्वरूप नक्सली गतिविधियों में कमी आई है। इस अभियान में अब तक 400 से अधिक पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने अपनी जान गंवाई है।

सहकारी संघवाद के तहत छूट की मांग

मुख्यमंत्री ने सहकारी संघवाद के सिद्धांत के तहत CRPF की प्रतिनियुक्ति के लिए लगने वाले प्रतिधारण शुल्क को पूरी तरह माफ करने की अपील की है। उन्होंने उम्मीद जताई कि केंद्रीय गृह मंत्री इस दिशा में सहयोग करेंगे, जिससे झारखंड अपनी आर्थिक चुनौतियों का सामना कर सके और विकास योजनाओं को गति दे सके।

ये भी पढ़ेंः Jharkhand सरकार का बड़ा फैसला, पेंशनधारियों को अब मिलेगी 3 महीने की बकाया पेंशन

विकास पर प्रभाव

सीएम हेमंत सोरेन (CM Hemant Soren) ने कहा कि बकाया राशि का भुगतान करने से राज्य की विकास योजनाएं प्रभावित हो सकती हैं। इस छूट से राज्य को जन-कल्याणकारी योजनाओं को लागू करने और आर्थिक स्थिरता हासिल करने में मदद मिलेगी।