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Delhi News: दिल्ली हिंसा मामले में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सराहा

दिल्ली राजनीति
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Delhi News: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 2020 के दिल्ली दंगों से जुड़े मामले में एक्टिविस्ट उमर खालिद और शरजील इमाम को जमानत देने से सुप्रीम कोर्ट के इनकार के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने दिल्ली को हिंसा की आग में झोंका, उन्हें कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए।

सोमवार, 5 जनवरी को सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली दंगों के मामले में उमर खालिद और शरजील इमाम को जमानत देने से साफ मना कर दिया। हालांकि, अदालत ने इसी मामले में पांच अन्य आरोपियों को जमानत की राहत दी।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का बयान

सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला न्याय की दिशा में एक मजबूत कदम है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने सोची-समझी साजिश के तहत दिल्ली में दंगे भड़काए, उन्हें सख्त सजा मिलनी चाहिए। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे आरोपियों का समर्थन करने वाले राजनीतिक दलों को भी जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए।

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कानून मंत्री कपिल मिश्रा की प्रतिक्रिया

दिल्ली के कानून मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले से यह साफ हो गया है कि 2020 के दंगे कोई अचानक हुई घटना नहीं थे, बल्कि एक गहरी साजिश का नतीजा थे। उन्होंने कहा कि यह फैसला दिल्ली की जनता के खिलाफ रची गई साजिश को उजागर करता है और साफ संदेश देता है कि हिंसा को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

गृह मंत्री आशीष सूद ने क्या कहा

दिल्ली सरकार में गृह मंत्री आशीष सूद ने कहा कि कोर्ट का यह आदेश देश के खिलाफ काम करने वालों के लिए एक मिसाल बनेगा। उन्होंने कहा कि सरकार की आलोचना करना अलग बात है, लेकिन देश के खिलाफ साजिश करना पूरी तरह गलत है। उन्होंने दुख जताया कि कुछ लोग ऐसे आरोपियों के प्रति सहानुभूति दिखाते हैं।

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पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा का बयान

पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने भी सुप्रीम कोर्ट के फैसले का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि दंगाइयों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए ताकि भविष्य में कोई भी व्यक्ति हिंसा फैलाने की हिम्मत न करे। उन्होंने कहा कि किसी को भी अशांति फैलाने या निर्दोष लोगों की जान लेने का अधिकार नहीं है।

2020 के दिल्ली दंगे

गौरतलब है कि फरवरी 2020 में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुए दंगों में 53 लोगों की मौत हुई थी, जबकि 700 से अधिक लोग घायल हुए थे। इस मामले में अब भी कई आरोपियों पर सुनवाई जारी है।