Delhi News: नई दिल्ली, 2 जुलाई 2026: आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधते हुए दावा किया कि अयोध्या में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के 891 दिन बीत जाने के बावजूद उन्होंने अब तक भगवान राम के दर्शन नहीं किए हैं। केजरीवाल ने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी चुनावों के दौरान भगवान राम के नाम का राजनीतिक इस्तेमाल करती है, लेकिन मंदिर जाकर श्रद्धा प्रकट करने का समय नहीं निकालती।
केजरीवाल का दावा— 891 दिनों में नहीं किया रामलला का दर्शन
प्रेस वार्ता में अरविंद केजरीवाल ने कहा कि उन्हें पहले इस बात पर विश्वास नहीं हुआ, इसलिए उन्होंने सार्वजनिक रिकॉर्ड, मीडिया रिपोर्टों और उपलब्ध जानकारियों की जांच की। उनके अनुसार, अब तक ऐसा कोई सार्वजनिक रिकॉर्ड सामने नहीं आया है जिससे यह साबित हो कि अमित शाह ने राम मंदिर में जाकर रामलला के दर्शन किए हों।
‘राम मंदिर का चुनावी इस्तेमाल’ का आरोप
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि अमित शाह ने पिछले ढाई वर्षों में अपने भाषणों और चुनावी सभाओं में कई बार राम मंदिर और भगवान राम का उल्लेख किया, लेकिन मंदिर जाकर दर्शन नहीं किए। उन्होंने कहा कि आस्था का सम्मान केवल चुनावी भाषणों तक सीमित नहीं होना चाहिए।
राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा 22 जनवरी 2024 को हुई थी
अयोध्या स्थित श्री राम मंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा 22 जनवरी 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति में संपन्न हुई थी। यह समारोह देशभर में ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन के रूप में मनाया गया था।
राजनीतिक बयानबाजी तेज
केजरीवाल के इस बयान के बाद राम मंदिर और धार्मिक मुद्दों को लेकर राजनीतिक बहस एक बार फिर तेज हो गई है। फिलहाल अमित शाह या भारतीय जनता पार्टी की ओर से इस टिप्पणी पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
