Chhattisgarh News: सरगुजा में कुश्ती मुकाबलों की शानदार शुरुआत

छत्तीसगढ़
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Chhattisgarh News: खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स-2026 के तहत छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के अंबिकापुर में कुश्ती प्रतियोगिता की शानदार शुरुआत हुई।

अंबिकापुर के गांधी स्टेडियम में आयोजित इस प्रतियोगिता में देश के 30 राज्यों से आए 144 खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं। प्रतियोगिता के पहले ही दिन खिलाड़ियों के बीच जबरदस्त उत्साह और ऊर्जा देखने को मिली।

पहले दिन दिखा जबरदस्त मुकाबला

प्रतियोगिता की शुरुआत के साथ ही पहले दिन कई रोमांचक मुकाबले देखने को मिले।

युवा पहलवानों ने अपनी तकनीक, ताकत और रणनीति का शानदार प्रदर्शन किया। हर मुकाबले में जीत के लिए खिलाड़ियों का संघर्ष साफ नजर आया, जिससे दर्शकों में भी उत्साह बना रहा।

पुरुष वर्ग में कड़ी टक्कर

पुरुष फ्रीस्टाइल सीनियर वर्ग में खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली।

74 किलोग्राम भार वर्ग में जम्मू-कश्मीर के मुनैर हुसैन और महाराष्ट्र के विक्रम साहेबराव पवार ने शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में अपनी जगह बनाई।

वहीं 125 किलोग्राम भार वर्ग में तेलंगाना के बनोथ विनोदकुमार और महाराष्ट्र के विनोद यशवंत सलकार ने जीत दर्ज कर फाइनल मुकाबले के लिए क्वालिफाई किया।

ग्रीको रोमन वर्ग में भी रोमांच

ग्रीको रोमन शैली में भी मुकाबले काफी दिलचस्प रहे।

67 किलोग्राम वर्ग में गुजरात के वसावा मुकेश भाई और झारखंड के अंजीतकर मुंडा फाइनल में पहुंचे।

इसी तरह 97 किलोग्राम वर्ग में हिमाचल प्रदेश के नवीश कुमार और जम्मू-कश्मीर के शमा हुन के बीच फाइनल मुकाबला होगा, जिससे प्रतियोगिता का रोमांच और बढ़ गया है।

महिला वर्ग में भी शानदार प्रदर्शन

महिला पहलवानों ने भी अपने प्रदर्शन से सभी का ध्यान आकर्षित किया।

50 किलोग्राम वर्ग में झारखंड की पूनम ओरांव और तेलंगाना की के. गीता फाइनल में पहुंची हैं।

वहीं 62 किलोग्राम वर्ग में असम की देबी दैमारी और हिमाचल प्रदेश की प्रियंका चौधरी के बीच फाइनल मुकाबला होगा।

खिलाड़ियों में दिखा आत्मविश्वास

इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाले खिलाड़ियों में आत्मविश्वास और जोश साफ नजर आया।

देश के अलग-अलग राज्यों से आए खिलाड़ियों ने यह दिखाया कि खेल के माध्यम से प्रतिभा और मेहनत का कोई विकल्प नहीं होता।

खेलों को मिल रहा बढ़ावा

खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स जैसे आयोजनों से देश के दूरदराज इलाकों के खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलता है।

इस तरह के आयोजन न सिर्फ खेलों को बढ़ावा देते हैं, बल्कि युवाओं को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित भी करते हैं।