Chhattisgarh News: पहली बार आयोजित हो रहे Khelo India Tribal Games 2026 की मेजबानी के लिए छत्तीसगढ़ पूरी तरह तैयार है। राज्य के उपमुख्यमंत्री Arun Sao ने कहा कि यह आयोजन राज्य के खेल पारिस्थितिकी तंत्र के लिए एक “मील का पत्थर” साबित होगा और इससे खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने का नया अवसर मिलेगा।
उन्होंने बताया कि इससे पहले राज्य में सरगुजा ओलंपिक और बस्तर ओलंपिक जैसे आयोजन छोटे स्तर पर किए गए थे, लेकिन अब खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स की मेजबानी कर छत्तीसगढ़ एक बड़े राष्ट्रीय मंच पर अपनी क्षमता दिखाने जा रहा है। यह आयोजन न केवल खेल प्रतिभाओं को पहचान दिलाएगा, बल्कि राज्य के खेल बुनियादी ढांचे को भी मजबूत करेगा।
30 राज्यों के खिलाड़ी लेंगे हिस्सा, 3 अप्रैल तक चलेंगे मुकाबले
इस प्रतियोगिता में देश के 30 राज्य और केंद्र शासित प्रदेश भाग लेंगे। कुल मिलाकर करीब 3,800 खिलाड़ी इन खेलों में हिस्सा लेंगे, जो 3 अप्रैल 2026 तक चलेंगे। प्रतियोगिताएं रायपुर, जगदलपुर और सरगुजा में आयोजित की जाएंगी।
इन खेलों में कुल 106 स्वर्ण पदक दांव पर होंगे। सबसे ज्यादा 34 स्वर्ण पदक एथलेटिक्स में दिए जाएंगे, जबकि तैराकी में 24, कुश्ती में 18, वेटलिफ्टिंग में 16 और तीरंदाजी में 10 स्वर्ण पदक निर्धारित किए गए हैं। हॉकी और फुटबॉल जैसे टीम खेलों का आयोजन रायपुर में होगा, जबकि एथलेटिक्स जगदलपुर और कुश्ती सरगुजा में आयोजित की जाएगी।

नौ खेलों में होंगे मुकाबले, पारंपरिक खेल भी शामिल
खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026 में कुल नौ खेलों का आयोजन किया जाएगा। इनमें तीरंदाजी, एथलेटिक्स, फुटबॉल, हॉकी, तैराकी, वेटलिफ्टिंग और कुश्ती जैसे प्रमुख खेल शामिल हैं। इसके अलावा मल्लखंब और कबड्डी को प्रदर्शन खेल के रूप में शामिल किया गया है।
यह आयोजन आदिवासी क्षेत्रों के खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने और राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने का एक बड़ा मंच प्रदान करेगा।
खिलाड़ियों को मिलेगा करियर बनाने का सुनहरा मौका
भारत के प्रसिद्ध हॉकी खिलाड़ी और Dilip Tirkey ने कहा कि यह प्रतियोगिता युवाओं के लिए खेलों में करियर बनाने का शानदार अवसर है। उन्होंने बताया कि आदिवासी समुदाय से कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी निकलकर देश का नाम रोशन कर चुके हैं और यह आयोजन नई प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का रास्ता दिखाएगा।
इसी तरह उभरते एथलेटिक्स स्टार Animesh Kujur ने कहा कि देश के कई दूर-दराज क्षेत्रों में अभी भी खेल सुविधाएं पूरी तरह नहीं पहुंच पाई हैं। ऐसे में इस तरह के आयोजन से खिलाड़ियों को एक बड़ा मंच मिलता है और वे अपने सपनों को पूरा करने के लिए प्रेरित होते हैं।
खेलों के जरिए बनेगा मजबूत और स्वस्थ भारत
प्रधानमंत्री Narendra Modi का लक्ष्य है कि भारत एक मजबूत खेल राष्ट्र बने और हर युवा किसी न किसी खेल से जुड़ा रहे। इसी दिशा में खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026 जैसे आयोजन महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस आयोजन से न केवल खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बढ़ेगा, बल्कि आदिवासी क्षेत्रों में खेलों के प्रति जागरूकता भी बढ़ेगी और आने वाले समय में देश को नए खिलाड़ी मिलेंगे।
