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Bihar News: बिहार की नई उड़ान का रोडमैप: उद्योग, निवेश और जनभागीदारी से समृद्ध राज्य बनाने का संकल्प

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Bihar News: बिहार को विकसित और समृद्ध राज्य बनाने के लिए सरकार अब बड़े पैमाने पर उद्योग, निवेश, आधारभूत संरचना और प्रशासनिक सुधारों पर फोकस कर रही है। पटना में आयोजित ‘भरोसे की चॉइस – पटना एडिशन’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिहार के विकास के लिए सरकार की प्राथमिकताओं और भविष्य की योजनाओं का विस्तृत खाका प्रस्तुत किया।

“बिहार की समृद्धि से ही विकसित होगा भारत”

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार देश की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहर का केंद्र रहा है और एक समय पूरे भारत को नेतृत्व देने वाला राज्य था। उनका मानना है कि यदि बिहार आर्थिक रूप से मजबूत होता है तो भारत के विकसित राष्ट्र बनने का लक्ष्य और तेजी से पूरा होगा।

उन्होंने कहा कि राज्य को उसके गौरवशाली अतीत से जोड़ते हुए आधुनिक विकास की दिशा में आगे बढ़ाया जा रहा है।

निवेशकों को 30 दिनों में मिलेगा क्लीयरेंस

उद्योगों और स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने सिंगल विंडो व्यवस्था को और प्रभावी बनाने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि अब उद्योग स्थापित करने या स्टार्टअप शुरू करने के लिए आवेदन करने वाले निवेशकों को 30 दिनों के भीतर आवश्यक क्लीयरेंस उपलब्ध कराया जाएगा।

उन्होंने कहा कि निवेश प्रक्रिया को सरल बनाना सरकार की प्राथमिकता है ताकि बिहार उद्योगों के लिए आकर्षक गंतव्य बन सके।

12 नए टाउनशिप में होगा 6.5 लाख करोड़ का निवेश

मुख्यमंत्री ने बताया कि बिहार में 6.25 लाख एकड़ भूमि पर 12 नए आधुनिक टाउनशिप विकसित किए जा रहे हैं। इन परियोजनाओं में लगभग 6.5 लाख करोड़ रुपये का निवेश आने की संभावना है।

इन टाउनशिप में इंडस्ट्रियल कॉरिडोर, इंडस्ट्रियल पार्क और आधुनिक शहरी सुविधाओं का विकास किया जाएगा। सरकार का दावा है कि इससे रोजगार सृजन के साथ-साथ राज्य की आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी।

बिजली, सड़क और आधारभूत ढांचे पर विशेष जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले वर्षों में बिहार में बिजली, सड़क और अन्य बुनियादी सुविधाओं का तेजी से विस्तार हुआ है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले वर्षों में बिजली उत्पादन क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी और उद्योगों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए ऊर्जा क्षेत्र को मजबूत किया जा रहा है।

उन्होंने यह भी कहा कि ग्रामीण सड़क नेटवर्क के मामले में बिहार देश के अग्रणी राज्यों में शामिल है और शहरी क्षेत्रों में भी सड़क अवसंरचना को बेहतर बनाया जा रहा है।

प्रशासनिक जवाबदेही के लिए सख्त व्यवस्था

मुख्यमंत्री ने सरकारी सेवाओं में जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए लागू की गई नई व्यवस्था का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि निर्धारित समय सीमा में आवेदन का निस्तारण नहीं होने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ स्वतः कार्रवाई की व्यवस्था बनाई गई है।

इस प्रणाली का उद्देश्य नागरिक सेवाओं में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाना है।

एक्सप्रेस-वे और गंगा पथ जैसी परियोजनाओं पर फोकस

मुख्यमंत्री ने बताया कि जेपी गंगा पथ अब पटना की लाइफलाइन बन चुका है। इसके अलावा गंगा और सोन नदी के किनारे नए सड़क मार्गों और एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि बेहतर कनेक्टिविटी से उद्योग, पर्यटन और व्यापार को बड़ा लाभ मिलेगा।

पर्यटन और सांस्कृतिक विरासत को मिलेगा बढ़ावा

बिहार की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत को विकास का महत्वपूर्ण आधार बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के प्रमुख पर्यटन स्थलों के विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। वाल्मीकि नगर, राजगीर, बोधगया, विक्रमशिला, सीतामढ़ी और सोनपुर जैसे स्थलों को पर्यटन मानचित्र पर और मजबूत करने की योजना है।

सरकार का मानना है कि पर्यटन क्षेत्र में निवेश से स्थानीय रोजगार और अर्थव्यवस्था दोनों को लाभ मिलेगा।

उद्योग, निवेश और जनभागीदारी से बनेगा विकसित बिहार

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार के विकास में उद्योगपतियों, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स, कंपनी सचिवों, वित्तीय विशेषज्ञों और आम नागरिकों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। उन्होंने विश्वास जताया कि सरकार, उद्योग जगत और जनता की साझेदारी से बिहार आने वाले वर्षों में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होगा।