Bihar News: पटना, 17 जुलाई। बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने देश की प्रमुख कॉरपोरेट और सामाजिक संस्थाओं से राज्य में कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) के तहत निवेश बढ़ाने की अपील की है। कर्नाटक के मुद्देनहल्ली स्थित सत्य साई ग्राम में आयोजित सीएसआर कॉन्क्लेव को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि बिहार में शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और कौशल विकास जैसे क्षेत्रों में सामाजिक निवेश की व्यापक संभावनाएं मौजूद हैं।
बिहार में CSR निवेश बढ़ाने पर दिया जोर
शिक्षा मंत्री ने कहा कि अन्य राज्यों की तुलना में बिहार में सीएसआर मद के तहत अपेक्षाकृत कम निवेश होता है। उन्होंने कॉरपोरेट और सामाजिक संस्थाओं से आग्रह किया कि वे राज्य में शिक्षा, स्वास्थ्य और पोषण से जुड़े संस्थान स्थापित कर सामाजिक विकास में भागीदारी निभाएं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए प्रक्रियाओं को सरल बनाया है और निवेशकों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया है।
कर्नाटक मॉडल की तर्ज पर बिहार में संस्थान खोलने का आग्रह
मिथिलेश तिवारी ने वन वर्ल्ड वन फैमिली मिशन के संस्थापक सद्गुरु मधुसूदन साई से बिहार में भी कर्नाटक की तर्ज पर शैक्षणिक, स्वास्थ्य और पोषण संबंधी संस्थान स्थापित करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि यदि ऐसी पहल बिहार में होती है तो लाखों विद्यार्थियों और जरूरतमंद लोगों को इसका सीधा लाभ मिलेगा।
दो करोड़ से अधिक विद्यार्थियों को मिल सकता है फायदा
शिक्षा मंत्री ने बताया कि बिहार के लगभग 97 हजार विद्यालयों में दो करोड़ से अधिक छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। ऐसे में निजी और सामाजिक संस्थाओं की भागीदारी से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का दायरा काफी बढ़ाया जा सकता है।
बिहार में बेहतर हुआ निवेश का माहौल
उन्होंने कहा कि बिहार तेजी से विकास के रास्ते पर आगे बढ़ रहा है। सड़क, रेल और हवाई संपर्क में लगातार सुधार हुआ है और निवेश के लिए आवश्यक आधारभूत ढांचे को मजबूत किया गया है। सरकार का लक्ष्य सामाजिक क्षेत्र में निजी भागीदारी बढ़ाकर विकास योजनाओं को नई गति देना है।
पोषण और कौशल विकास पर भी दिया जोर
मिथिलेश तिवारी ने विकसित भारत-2047 के लक्ष्य का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार और समाज को मिलकर अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचाना होगा। उन्होंने कुपोषण दूर करने में बाजरा (मिलेट) की भूमिका पर भी जोर दिया और कहा कि बिहार की उपजाऊ भूमि इस दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती है।
CSR कॉन्क्लेव में कई प्रमुख हस्तियां रहीं मौजूद
कार्यक्रम में सद्गुरु मधुसूदन साई, टीसीएस के पूर्व सीईओ एवं एमडी एस. रामदोरई, सेबी के पूर्व चेयरमैन एन. दामोदरन और अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के सीईओ के.आर. लक्ष्मीनारायण सहित कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) क्षेत्र से जुड़े कई विशेषज्ञ और प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
