Bihar News: बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि सक्षम विधायक और सशक्त विधानसभा ही समृद्ध बिहार के निर्माण की आधारशिला हैं। लोकतंत्र की सफलता जनप्रतिनिधियों की क्षमता, जवाबदेही और जनता की सेवा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता पर निर्भर करती है।
मुख्यमंत्री ने यह बात गयाजी स्थित बिहार लोक प्रशासन एवं ग्रामीण विकास संस्थान (बिपार्ड) में आयोजित बिहार विधानसभा के सदस्यों के दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम के उद्घाटन अवसर पर कही।
कार्यक्रम का शुभारंभ उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन, राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन (सेवानिवृत्त), मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह, बिहार विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार और उप मुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
यह दो दिवसीय कार्यक्रम बिपार्ड गयाजी, प्राइड (लोकसभा) और बिहार विधानसभा सचिवालय के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया है।
जनता की समस्याओं को मजबूती से सदन में उठाएं विधायक
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि जनता अपने विधायकों को विश्वास और उम्मीद के साथ विधानसभा में भेजती है। इसलिए प्रत्येक विधायक की जिम्मेदारी है कि वह अपने क्षेत्र की समस्याओं, जनता की अपेक्षाओं और विकास से जुड़े मुद्दों को पूरी तैयारी और तथ्यों के साथ सदन में उठाए।
उन्होंने विधायकों से विधानसभा की कार्यप्रणाली, नियमों और संसदीय परंपराओं का गहराई से अध्ययन करने की अपील की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जनप्रतिनिधियों की बेहतर तैयारी और सक्रिय भागीदारी से लोकतांत्रिक संस्थाएं अधिक मजबूत और प्रभावी बन सकती हैं।
सत्ता और विपक्ष दोनों की भूमिका महत्वपूर्ण
मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र को मजबूत बनाने में सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों की भूमिका समान रूप से महत्वपूर्ण है।
स्वस्थ संवाद, सकारात्मक चर्चा और जनहित से जुड़े मुद्दों पर सार्थक विमर्श विधानसभा की गरिमा को बढ़ाता है और राज्य के विकास को गति देता है।
उन्होंने सभी विधायकों से विधानसभा सत्र के दौरान अधिक से अधिक समय सदन में उपस्थित रहने और जनहित के मुद्दों पर सक्रिय भूमिका निभाने का आग्रह किया।
विकसित भारत और समृद्ध बिहार के लिए मिलकर करना होगा काम
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समृद्ध बिहार के सपने को पूरा करने के लिए सभी जनप्रतिनिधियों को मिलकर काम करना होगा।
उन्होंने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि प्रत्येक जनप्रतिनिधि को भी इसमें सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने विधायकों से सरकार के सहयोग कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी की अपील की। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भूमिका से लोगों को न्याय और बेहतर सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
विधानसभा की कार्यप्रणाली में बढ़ेगा AI और आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल
मुख्यमंत्री ने विधानसभा की कार्यप्रणाली को अधिक आधुनिक, पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और नई तकनीकों के उपयोग पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल से सरकारी व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ेगी और काम करने की क्षमता में सुधार होगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि बिहार में पीपीपी मॉडल के माध्यम से बस स्टैंड, टाउनशिप और दूसरी आधारभूत संरचना परियोजनाओं को गति दी जा रही है।
15 जुलाई से शुरू होंगे 213 नए डिग्री कॉलेज
शिक्षा के क्षेत्र में राज्य सरकार की बड़ी पहल की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 15 जुलाई से बिहार के अलग-अलग प्रखंडों में 213 नए डिग्री कॉलेज शुरू किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि इससे राज्य में उच्च शिक्षा का विस्तार होगा और युवाओं को अपने क्षेत्र के पास ही गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने इसे समृद्ध बिहार के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक कदम बताया।
नवनिर्वाचित विधायकों को मिलेगा संसदीय कार्यप्रणाली का प्रशिक्षण
मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि गयाजी में आयोजित दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम नवनिर्वाचित विधायकों को संसदीय परंपराओं, विधायी जिम्मेदारियों और जनसेवा की भावना को बेहतर तरीके से समझने में मदद करेगा।
उन्होंने कहा कि कार्यक्रम से विधायकों की क्षमता बढ़ेगी और वे विधानसभा में जनता की समस्याओं तथा विकास से जुड़े मुद्दों को अधिक प्रभावी तरीके से उठा सकेंगे।
कई वरिष्ठ नेताओं और अधिकारियों ने लिया हिस्सा
प्रबोधन कार्यक्रम को उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन (सेवानिवृत्त) ने भी संबोधित किया।
इसके अलावा बिहार विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार, बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह और उप मुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने भी कार्यक्रम में अपने विचार रखे।
कार्यक्रम में बिहार विधानसभा के उपाध्यक्ष नरेंद्र नारायण यादव, राज्य सरकार के मंत्री, विधायक, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, पुलिस महानिदेशक विनय कुमार, बिपार्ड के महानिदेशक डॉ. बी. राजेन्दर, मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह, मगध प्रमंडल की आयुक्त डॉ. सफीना ए.एन., मगध प्रक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक विकास वैभव, जिलाधिकारी शशांक शुभंकर और वरीय पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
गयाजी एयरपोर्ट पर उपराष्ट्रपति का स्वागत
दो दिवसीय प्रबोधन कार्यक्रम में शामिल होने के लिए गयाजी पहुंचे उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन का मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गयाजी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर स्वागत किया।
मुख्यमंत्री ने उपराष्ट्रपति को पुष्पगुच्छ और अंगवस्त्र भेंट किया।
गयाजी में आयोजित यह प्रबोधन कार्यक्रम विधायकों को संसदीय कार्यप्रणाली, जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारियों और जनहित के मुद्दों को प्रभावी तरीके से सदन में उठाने के लिए प्रशिक्षित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।
