Bihar News: बिहार सरकार के सहकारिता विभाग ने राज्य के गन्ना किसानों को सहकारी व्यवस्था से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने सकरी (मधुबनी) और रैयाम (दरभंगा) में प्रस्तावित प्राथमिक चीनी मिल सहकारी समितियों की सदस्यता के लिए विकसित ऑनलाइन वेब पोर्टल का शुभारंभ किया। इस पहल का उद्देश्य किसानों को डिजिटल माध्यम से पारदर्शी, सरल और समयबद्ध तरीके से सहकारी समितियों का सदस्य बनने की सुविधा प्रदान करना है।
ऑनलाइन आवेदन से मिलेगी सदस्यता
सहकारिता विभाग द्वारा विकसित पोर्टल https://esahkari.bihar.gov.in/coop/Sugarcane के माध्यम से पात्र किसान घर बैठे ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। समिति के सदस्य बनने के बाद किसानों को गन्ना उत्पादन के लिए आवश्यक कृषि आदान, तकनीकी मार्गदर्शन, मिट्टी परीक्षण, कृषि एवं गन्ना विकास से जुड़ी सरकारी योजनाओं का लाभ, राज्य सरकार की नीति के अनुरूप गन्ने की खरीद तथा पारदर्शी भुगतान जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
किसानों की आर्थिक मजबूती पर सरकार का जोर
मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने कहा कि बिहार सरकार किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि सकरी और रैयाम में प्रस्तावित सहकारी चीनी मिलें केवल औद्योगिक परियोजनाएं नहीं हैं, बल्कि किसानों की आय बढ़ाने, रोजगार सृजन और ग्रामीण विकास को नई दिशा देने वाली पहल हैं। डिजिटल सदस्यता प्रणाली से किसानों को बिना किसी परेशानी के सहकारी व्यवस्था से जुड़ने का अवसर मिलेगा।
चीनी मिलों की स्थापना की प्रक्रिया तेज
सरकार ने बताया कि दोनों प्रस्तावित चीनी मिलों के लिए नेशनल फेडरेशन ऑफ कोऑपरेटिव शुगर फैक्ट्रीज़ लिमिटेड (NFCSF) द्वारा संभाव्यता रिपोर्ट और विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (DPR) पहले ही विभाग को सौंपा जा चुका है। अब इन परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है, ताकि जल्द से जल्द किसानों को इसका लाभ मिल सके।
सदस्यता के लिए क्या हैं पात्रता शर्तें?
सहकारी समिति की सदस्यता के लिए आवेदक की आयु कम से कम 18 वर्ष होनी चाहिए। वह संबंधित क्षेत्र का निवासी और गन्ना उत्पादक होना चाहिए या आगामी दो पेराई सत्रों में गन्ना उत्पादन करने के लिए प्रतिबद्ध होना चाहिए। सामान्य वर्ग के किसानों के लिए न्यूनतम 100 डिसमिल तथा महिला एवं आरक्षित वर्ग के किसानों के लिए 50 डिसमिल भूमि पर गन्ना उत्पादन या उसकी प्रतिबद्धता आवश्यक होगी। साथ ही, एक परिवार से केवल एक सदस्य ही आवेदन कर सकेगा।
हजारों गांवों को मिलेगा लाभ
प्रस्तावित रैयाम प्राथमिक चीनी मिल सहकारी समिति के कार्यक्षेत्र में 1,018 गांव, जबकि सकरी प्राथमिक चीनी मिल सहकारी समिति के अंतर्गत 1,383 गांव शामिल किए गए हैं। इन क्षेत्रों के गन्ना उत्पादक किसानों को सहकारी समिति से जोड़कर भविष्य में चीनी मिलों को नियमित गन्ना आपूर्ति सुनिश्चित करने की योजना बनाई गई है।
30 जुलाई तक करें आवेदन
सरकार ने पात्र किसानों से अपील की है कि वे 30 जुलाई 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर इस ऐतिहासिक पहल का हिस्सा बनें। आवेदन प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की सहायता के लिए संबंधित प्रखंड सहकारिता प्रसार पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी या गठित ऑर्गेनाइजर कमेटी से संपर्क किया जा सकता है।
डिजिटल सहकारिता की ओर बिहार का बड़ा कदम
ऑनलाइन सदस्यता पोर्टल का शुभारंभ बिहार में सहकारिता क्षेत्र के डिजिटलीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। इससे न केवल किसानों को सरकारी योजनाओं और सुविधाओं तक आसान पहुंच मिलेगी, बल्कि गन्ना आधारित उद्योगों को भी मजबूत आधार मिलेगा। सरकार का मानना है कि यह पहल राज्य में कृषि, उद्योग और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति प्रदान करेगी।
