Bihar News: बिहार सरकार के कला एवं संस्कृति विभाग में नवचयनित अधिकारियों को मंगलवार को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। विभागीय मंत्री Pramod Kumar ने सहायक संग्रहालयाध्यक्ष, शोध एवं प्रकाशन पदाधिकारी तथा सहायक निदेशक के पदों पर चयनित अधिकारियों को नियुक्ति पत्र सौंपते हुए राज्य की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण और संवर्धन के लिए समर्पित भाव से कार्य करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर विभाग के सचिव Pranav Kumar, सांस्कृतिक कार्य निदेशालय की निदेशक Ruby, संग्रहालय निदेशालय के निदेशक Krishna Kumar सहित विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण की जिम्मेदारी
नवनियुक्त अधिकारियों को संबोधित करते हुए मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने कहा कि बिहार की समृद्ध कला, संस्कृति और ऐतिहासिक धरोहर का संरक्षण, संवर्धन और प्रचार-प्रसार अब उनकी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
उन्होंने अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे पूरी निष्ठा, ईमानदारी और उत्तरदायित्व के साथ कार्य करते हुए विभाग की योजनाओं और सांस्कृतिक गतिविधियों को समाज के अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाएं।
मंत्री ने कहा कि बिहार की सांस्कृतिक विरासत केवल राज्य की पहचान नहीं, बल्कि पूरे देश की अमूल्य धरोहर है। संग्रहालयों, स्मारकों और सांस्कृतिक संस्थानों को नई सोच और नवाचार के साथ विकसित करने में युवा अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
विभिन्न संग्रहालयों में मिली नई जिम्मेदारियां
विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार नौ अधिकारियों को राज्य के विभिन्न संग्रहालयों एवं सांस्कृतिक संस्थानों में पदस्थापित किया गया है।
| अधिकारी | पदस्थापना |
|---|---|
| शानु आनंद | बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय सह स्मृति स्तूप, वैशाली |
| सुजीत तिवारी | रामचंद्र शाही संग्रहालय, मुजफ्फरपुर |
| अमित रंजन | गया संग्रहालय, गया |
| सुधा सिंह | सीताराम उपाध्याय संग्रहालय, बक्सर एवं बाबू वीर कुंवर सिंह स्मृति संग्रहालय, जगदीशपुर |
| डॉ. सुमन कुमारी | नारद संग्रहालय, नवादा |
| दीपा चौहान | छपरा संग्रहालय |
| रवि कान्त कुमार | चंद्रधारी संग्रहालय, दरभंगा |
| दिलीप कुमार | लखीसराय संग्रहालय |
| रीता कुमारी | बेगूसराय संग्रहालय, बेगूसराय |
संग्रहालयों को अधिक जनोन्मुखी बनाने पर जोर
मंत्री ने कहा कि विभाग की प्राथमिकता बिहार की सांस्कृतिक धरोहर का संरक्षण, संवर्धन और व्यापक प्रचार-प्रसार है। उन्होंने नवनियुक्त अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे संग्रहालयों को अधिक जनोन्मुखी, ज्ञानवर्धक और आकर्षक बनाने की दिशा में कार्य करें, ताकि नई पीढ़ी राज्य की गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत से जुड़ सके।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी अधिकारी अपने कार्यों के माध्यम से विभाग की योजनाओं को अधिक प्रभावी बनाएंगे और बिहार की सांस्कृतिक पहचान को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।
