Punjab News: चंडीगढ़, 8 जून 2026। पंजाब सरकार के ‘मिशन रोजगार’ अभियान को आगे बढ़ाते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने 355 युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपे। इसके साथ ही वर्ष 2022 में सरकार बनने के बाद से अब तक राज्य में कुल 67,037 सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब में सरकारी भर्ती पूरी तरह योग्यता, पारदर्शिता और निष्पक्ष प्रक्रिया के आधार पर की जा रही है।
योग्यता ही भर्ती का एकमात्र आधार
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले सरकारी नौकरियों में सिफारिश, राजनीतिक प्रभाव और भ्रष्टाचार की चर्चा होती थी, लेकिन अब भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी है। उन्होंने कहा कि देश में कई परीक्षाओं के पेपर लीक होने की घटनाएं सामने आई हैं, जबकि पंजाब में 2022 से अब तक एक भी पेपर लीक का मामला सामने नहीं आया। उन्होंने इसे सरकार की ईमानदार कार्यशैली का परिणाम बताया।
युवाओं के पलायन को रोकने पर जोर
भगवंत मान ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल नौकरियां देना नहीं, बल्कि युवाओं को अपने ही राज्य में बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि पंजाब में रोजगार और विकास के नए अवसर बनने से कई युवा विदेशों से वापस लौट रहे हैं। सरकार युवाओं को राज्य में ही अपना भविष्य बनाने के लिए प्रोत्साहित कर रही है।
कौशल विकास और तकनीकी शिक्षा पर बड़ा निवेश
मुख्यमंत्री ने बताया कि युवाओं को भविष्य के लिए तैयार करने के लिए राज्य में 25 नई औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) बनाई जा रही हैं, जबकि 13 मौजूदा आईटीआई को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जा रहा है। सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेजों के आधुनिकीकरण पर भी करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं। नंगल में कैप्टन अमोल कालिया सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना की जा रही है, जो युवाओं को आधुनिक तकनीकी प्रशिक्षण प्रदान करेगा। इसके अलावा राज्य के सभी 91 पॉलिटेक्निक कॉलेजों में सेमेस्टर इंटर्नशिप कार्यक्रम भी शुरू किया गया है।
शिक्षा क्षेत्र में सुधार का उल्लेख
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार ने शिक्षा क्षेत्र में भी बड़े बदलाव किए हैं। उन्होंने दावा किया कि स्कूल शिक्षा के क्षेत्र में पंजाब ने उल्लेखनीय प्रगति की है। राज्य में 118 स्कूल ऑफ एमिनेंस स्थापित किए गए हैं, जहां विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं और करियर निर्माण के लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। शिक्षकों और प्रिंसिपलों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रशिक्षण भी उपलब्ध कराया गया है।
ठेका कर्मचारियों के लिए भी बड़ा फैसला
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने लगभग 65,000 ठेका कर्मचारियों के लिए नियमित सेवा का रास्ता खोलने का फैसला किया है। इसके लिए नए कानूनी प्रावधान लाए जा रहे हैं ताकि कर्मचारियों को रोजगार में स्थिरता और सम्मान मिल सके। उन्होंने कहा कि अब कर्मचारियों और सरकार के बीच ठेकेदारों की भूमिका समाप्त करने की दिशा में काम किया जा रहा है।
युवाओं ने जताया सरकार पर भरोसा
नियुक्ति पत्र पाने वाले युवाओं ने भर्ती प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी बताया। कई उम्मीदवारों ने कहा कि उन्हें बिना किसी सिफारिश या रिश्वत के सरकारी नौकरी मिली है। मुख्यमंत्री ने सभी नव-नियुक्त कर्मचारियों से ईमानदारी और समर्पण के साथ जनता की सेवा करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ये युवा पंजाब के विकास और खुशहाली में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
