Delhi News: ये कहानी दिल्ली में रहने वाले एक ऐसे पीड़ित की है जिनका आरोप है कि वो जनकपुरी जैसे पॉश इलाके में रहते हुए भी चैन की जिंदगी नहीं जी पा रहे हैं। पूरा मामला क्या है आईए आपको समझाते हैं।
क्या है पूरा मामला ?
पीड़ित संजय पोद्दार ने ख़बरी मीडिया से बात करते हुए अपना दर्द बयां किया है। संजय के मुताबिक वो दिल्ली के जनकपुरी में पिछले 2 साल से रह रहे हैं लेकिन उनके खुद के फ्लैट के ऊपर अवैध निर्माण हो रहा है। हैरानी की बात ये कि ना तो नगर निगम और ना ही पुलिस प्रशासन इस पर कोई एक्शन ले रहा है।
संजय पोद्दार के मुताबिक दिल्ली के जनकपुरी इलाके में अवैध निर्माण का काम धड़ल्ले से चल रहा हैं जिसमें नगर निगम (बिल्डिंग) विभाग की भूमिका अहम हैं, जनकपुरी में बिल्डर बहुत ही सक्रिय हैं और बेखौफ होकर अवैध निर्माण को अंजाम दे रहे हैं। सबसे बुरा हाल जनकपुरी के डीडीए फ्लैटों का है जहाँ अंतिम मंजिल वाला जो छत पर कब्ज़ा कर डीडीए के नियमों को ताक पर रख कर अवैध निर्माण को धड़ल्ले से बना रहे है या बना लिया है डीडीए के नियम अनुसार छत पर सभी फ़्लैट में रहने वालो का एकाधिकार होता है पर सी 3, एसएफएस फ़्लैट्स जनकपुरी में दूसरी मंज़िल पर रहने वाले परिवार ग्राउंड और पहली मंजिल परिवार को छत पर आने पर रोकते हैं और एतराज जताने पर धमकी भी देते हैं।
संजय पोद्दार का आरोप है कि छत पर अवैध निर्माण करवाने में नगर निगम दिल्ली पुलिस की सांठ-गांठ है। पीड़ित संजय के मुताबिक इसकी शिकायत सम्बंधित अधिकारिओं को की गई पर मिलीभगत के कारण कोई भी संतोषजनक कार्रवाई विभाग द्वारा नहीं किया गया।
संजय पोद्दार के मुताबिक उन्होंने 287 बी , पहली मंजिल ,सी 3, एसएफएस फ़्लैट्स जनकपुरी पंखा रोड में पिछले दो वर्ष पूर्व फ़्लैट ख़रीदा और उनके दूसरी मंज़िल पर रहने वाले परिवार ने समानाधिकार वाले छत पर 100 % कब्ज़ा कर अवैध निर्माण के साथ अवैध पिलर डाल कर बालकनी को बड़ा बना लिया है। जिसकी शिकायत नगर निगम के सम्बंधित अधिकारिओं तथा दिल्ली पुलिस को समय समय पर दी गई परन्तु केवल खानापूर्ति के अलावा कुछ भी नहीं हुआ।
पीड़ित परिवार ने बताया कि ग्राउंड और पहली मंज़िल के परिवार को छत पर जाने का रास्ता बंद कर दिया है। छत पर रखे पानी की टंकी पर नहीं पहुंचने के कारण मेरे किचन में पीने के पानी के अलावा दो वर्षो से किचन चालू नहीं हो पाया है जिसकी वजह से हम पानी बाहर से लेने को मज़बूर हैं। यही नहीं पीड़ित ये भी गुहार लगाई कि दूसरी मंजिल पर रह रहे आरोपी ने अपनी पत्नी के द्वारा जनकपुरी थाने में छेड़छाड़ का मामला दर्ज़ करवा चुके हैं। मेरा पूरा परिवार भय के स्थिति में रहने को मज़बूर है
पीड़ित परिवार ने कहा कि 15 अगस्त स्वतंत्रा दिवस के उपलक्ष्य पर मैं और मेरा छत पर तिरंगा फहराना चाहते थे लेकिन आरोपी परिवार इससे साफ मना कर दिया। जब मैंने एतराज जताया तो दूसरी मंज़िल के परिवार ने महिला उत्पीड़न मामलें में फ़ंसाने की धमकी दी जिससे मैं और मेरा परिवार गहरे सदमें में चले गये और न्याय के लिए विभाग के दरवाज़े को खटखटा रहे हैं।
पीड़ित संजय पोद्दार ने दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता और पीएम मोदी से मदद की गुहार लगाई है।
