अपर पुलिस महानिदेशक सह अध्यक्ष, केंद्रीय चयन पर्षद (सिपाही भर्ती) ने दिया बयान
अत्याधुनिक तकनीक की मदद से संपन्न हुई शारीरिक दक्षता परीक्षा
अभिभावक व अभ्यर्थी दलालों के झांसे में ना आएं.
Bihar News: केन्द्रीय चयन पर्षद (constable Recruitment) के विज्ञापन संख्या 01/2023 में विज्ञापित बिहार पुलिस में सिपाही के 21,391 पदों पर भर्ती हेतु शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) दिनांक 09.12.2024 से 10.03.2025 तक शहीद राजेन्द्र प्रसाद सिंह राजकीय उच्च विद्यालय (Patna High School), गर्दनीबाग, पटना (Patna) में आयोजित की गयी। परीक्षा के आयोजन के लिए पर्षद द्वारा व्यापक व्यवस्थाएं की गयी थीं। पर्षद के पदाधिकारियों, पुलिस मुख्यालय (Police Headquarters) द्वारा तैनात पुलिस पदाधिकारियों, स्थानीय जिला प्रशासन तथा स्थानीय पुलिस के सहयोग से परीक्षा कदाचारमुक्त एवं विधि-व्यवस्था समस्या मुक्त वातावरण में सम्पन्न की गयी।
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परीक्षा के संचालन के लिए पुलिस मुख्यालय द्वारा 316 पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गयी, जिसमें 07 पुलिस अधीक्षक स्तर एवं 20 पुलिस उपाधीक्षक एवं समकक्ष स्तर के पदाधिकारी सम्मिलित हैं। PET परीक्षा के लिए 1,07,079 अभ्यर्थियों को लिखित परीक्षा के परिणाम के आधार पर शॉर्टलिस्ट (Shortlist) किया गया था। इसमें से 86.539 अभ्यर्थी भौतिक रूप से सम्मिलित हुये, इनमें 53,960 पुरुष, 32,569 महिला एवं 10 ट्रांसजेण्डर अभ्यर्थी शामिल हैं। 3 महीना से अधिक अवधि तक चले इस परीक्षा कार्यक्रम में 72 कार्यदिवसों में परीक्षा आयोजित की गयी जिसमें 43 दिन पुरूष एवं 29 दिन महिला अभ्यर्थियों की परीक्षा ली गयी।
प्रत्येक दिन अभ्यर्थियों के शारीरिक दक्षता, शारीरिक माप एवं उनके अभिलेख सत्यापन का कार्य सम्पादित किया गया। शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) को सुचारू रूप से एवं कदाचारमुक्त वातावरण में सम्पन्न कराने के लिए पर्षद द्वारा व्यापक तकनीकी व्यवस्थाएँ की गयी। अभ्यर्थियों की उपस्थिति, उनकी पहचान तथा पररूपधारण करने की संभावना को नकारने के लिए आवेदन के फोटो, लिखित परीक्षा के समय लिये गये फोटो, बायोमेट्रिक चिह्नों तथा शारीरिक दक्षता परीक्षा के दौरान उनके फोटो, फिंगर प्रिंट तथा अन्य सूचना प्रौद्योगिकी तकनीकों का सहारा लिया गया।
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इसके साथ ही दौड़ में समय की गणना के लिए RFID एवं सेंसर आधारित तकनीकों का उपयोग एवं अन्य स्पर्धाओं में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की मदद से अत्याधुनिक तकनीकों (Cutting-Edge Technologies) से कार्य सम्पन्न कराया गया, जिससे सूचनाओं के संग्रहण में मानव हस्तक्षेप को कम किया जा सके। ऊंचाई आदि के माप-तौल में भी मानकीकृत इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का प्रयोग किया गया, जिससे सटीक सूचनाएं संकलित की जा सकी। पूर्व में अंकित प्रक्रियाओं के आधार पर ही इस परीक्षा के दौरान 462 ऐसे व्यक्तियों की पहचान की गयी जिन्होंने परीक्षा में पररूपधारण अथवा अन्य कूटकर्म से परीक्षा परिसर में भाग लेने अथवा उसमें अभ्यर्थियों को सहयोग करने के प्रयास किए, इनमें 370 अभियुक्त इस परीक्षा के अभ्यर्थी थे। ऐसे तत्वों के विरूद्ध 37 काण्ड स्थानीय थाना गर्दनीबाग, पटना में दर्ज किये गये। काण्ड दर्ज करने के समय हीं इनमें से 84 अभ्यर्थियों को जेल भी भेजा गया, अन्य अभियुक्तों के विरूद्ध स्थानीय पुलिस द्वारा अनुसंधान एवं तत्संबंधी अग्रिम कार्यवाही की जा रही है।
इस तरह तकनीक के प्रयोग से अवांछित तत्वों द्वारा परीक्षा तंत्र को अतिक्रमित करने के प्रयासों को प्रभावहीन किया जा सका।परीक्षा के दौरान 110 अभ्यर्थियों को चिकित्सीय सहायता की आवश्यकता पड़ी, जिसे परीक्षा स्थल पर तैनात चिकित्सा पदाधिकारियों एवं स्थानीय अस्पताल के माध्यम से उपलब्ध कराया गया। कुल मिलाकर शारीरिक दक्षता परीक्षा का यह वृहद आयोजन प्रतिनियुक्त पुलिस पदाधिकारियों एवं अन्य सहयोगी एजेन्सियों, स्थानीय पुलिस, अग्निशमन सेवा, नगर निगम प्रशासन तथा सबसे महत्वपूर्ण अभ्यर्थियों एवं उनके अभिभावकों के सहयोग से सफलतापूर्वक सम्पन्न किया गया।

शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) में पास अभ्यर्थियों एवं उनके अभिभावकों को आगाह किया जाता है कि वे किसी भी दलाल प्राकृति के व्यक्ति के झांसे में न आएं कि वह उनके अभ्यर्थियों के अंतिम चयन में किसी प्रकार की मदद कर सकता है। यह उसके द्वारा अवैध धन उगाही का तरीका हो सकता है, जिसमें भोले-भाले अभ्यर्थी एवं उनके अभिभावक फंस सकते हैं और मेहनत की कमाई से हाथ धो सकते हैं, साथ ही कानूनी कार्यवाही के भी भागी हो सकते हैं।
यह स्पष्ट किया जाता है कि जिस प्रकार पर्षद द्वारा लिखित परीक्षा एवं शारीरिक दक्षता परीक्षा कदाचारमुक्त वातावरण में सम्पन्न की गई है, उसी प्रकार शेष कार्यवाही भी शीघ्र पूर्ण कर अंतिम चयन अनुशंसा नियुक्ति प्राधिकारों को भेजी जाएगी, जिसमें स्थान पाने वाले अभ्यर्थियों का चयन का आधार केवल और केवल उनके शरीरिक दक्षता परीक्षा में प्रदर्शन के आधार पर मेधा सूची में अर्जित स्थान होगा, इसके अतिरिक्त कुछ नहीं। यदि कोई व्यक्ति अभ्यर्थियों को इस प्रकार से सम्पर्क करता है अथवा पर्षद के प्रतिनिधि के रूप में सम्पर्क करने का प्रयास करता है तो ऐसे तत्वों की सूचना स्थानीय थाना, साईबर अपराध थाना अथवा आर्थिक अपराध इकाई को दें, जहाँ से उनके द्वारा यथोचित कार्यवाही की जाएगी। केन्द्रीय चयन पर्षद (सिपाही भर्ती) कदाचार मुक्त, शुचिता पूर्ण एवं भ्रष्टाचार मुक्त वातावरण में चयन प्रक्रिया सम्पन्न कराने के लिए कटिबद्ध है।

