Uttarakhand News: देहरादून में आईटीबीपी स्टेडियम, सीमा द्वार में दो दिवसीय माल्टा फेस्टिवल का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भाग लिया। यह आयोजन सेवा संकल्प (धारिणी) फाउंडेशन की ओर से किया गया।
मुख्यमंत्री ने विभिन्न जिलों से आए किसानों से मुलाकात की और माल्टा व नींबू से बने पारंपरिक उत्पादों का स्वाद भी लिया।
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माल्टा खेती की बड़ी संभावनाएं
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में माल्टा की खेती की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने किसानों की आमदनी बढ़ाने और स्थानीय फलों को पहचान दिलाने के लिए माल्टा मिशन शुरू करने की घोषणा की।
इस मिशन के तहत माल्टा की खेती, मार्केटिंग और वैल्यू एडिशन को बढ़ावा दिया जाएगा, ताकि किसानों को बेहतर दाम मिल सकें।
किसानों की आय बढ़ाने पर फोकस
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य है कि पहाड़ी क्षेत्रों के किसानों की आय में ठोस बढ़ोतरी हो। माल्टा मिशन के जरिए स्थानीय फलों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई जाएगी।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के फल न सिर्फ स्वाद में बेहतर हैं, बल्कि स्वास्थ्य के लिहाज से भी बहुत लाभकारी हैं।
Uttarakhand News: अन्य फलों को भी मिल रहा प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री ने बताया कि माल्टा के साथ-साथ सरकार कीवी, सेब, आड़ू, आलूबुखारा, प्लम और विभिन्न प्रकार के नींबू सहित अन्य स्थानीय फलों के उत्पादन को भी बढ़ावा दे रही है।
इससे किसानों को खेती के नए विकल्प मिलेंगे और उनकी निर्भरता एक ही फसल पर नहीं रहेगी।
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किसान और बाजार को जोड़ने का मंच
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि माल्टा फेस्टिवल जैसे आयोजन किसानों को सीधे उपभोक्ताओं और बाजार से जोड़ने का काम करते हैं। इससे किसानों को अपने उत्पाद की सही कीमत मिलती है और लोगों को स्थानीय फलों की जानकारी मिलती है।
Uttarakhand News: कई गणमान्य लोग रहे मौजूद
इस अवसर पर आईजी आईटीबीपी संजय गुंज्याल सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने इस पहल का समर्थन किया और उत्तराखंड में बागवानी को मजबूत करने की प्रतिबद्धता जताई।
