UP News: 14 मई को उत्तर प्रदेश में ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण को लेकर एक बड़ा अभियान देखने को मिला। प्रधानमंत्री Narendra Modi की पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने की अपील और मुख्यमंत्री Yogi Adityanath के निर्देश के बाद प्रदेशभर में मंत्री, सांसद, अधिकारी और जनप्रतिनिधि इस मुहिम में शामिल होते नजर आए।
प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री Suresh Khanna गुरुवार को अपने सरकारी आवास 10 कालिदास मार्ग से विधानसभा स्थित कार्यालय तक साइकिल से पहुंचे। उन्होंने यह संदेश दिया कि ईंधन की बचत केवल आर्थिक मजबूती नहीं बल्कि राष्ट्रहित से भी जुड़ा विषय है। मंत्री ने यह संकल्प भी लिया कि वह हर सप्ताह कम से कम एक दिन साइकिल से कार्यालय जाएंगे ताकि आम लोगों को भी पर्यावरण संरक्षण और ईंधन बचत के प्रति जागरूक किया जा सके।
प्रदेशभर में दिखा अभियान का असर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशन में चल रहे इस अभियान का असर कई जिलों में दिखाई दिया। Dayashankar Mishra ने इलेक्ट्रिक व्हीकल का उपयोग शुरू किया, जबकि वाराणसी में विधायक Saurabh Srivastava साइकिल चलाते नजर आए। वाराणसी के महापौर Ashok Tiwari पैदल नगर निगम कार्यालय पहुंचे और नगर निगम ने शनिवार को “नो फ्यूल डे” मनाने का फैसला लिया है।
वाराणसी के जिलाधिकारी Satyendra Kumar ने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को विभागीय और निजी वाहनों का कम उपयोग करने के निर्देश दिए हैं। सरकार की इस पहल को ऊर्जा संरक्षण और स्वच्छ पर्यावरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
गोरखपुर, अयोध्या और प्रयागराज में भी बदलाव
गोरखपुर में सांसद Ravi Kishan ने अपना काफिला छोटा कर दिया है और अब वह केवल दो गाड़ियों के साथ निकल रहे हैं। वहीं महापौर Manglesh Srivastava ने स्कॉर्ट वाहन हटाकर बिना सुरक्षा वाहन के आना-जाना शुरू कर दिया है।
अयोध्या में महापौर Mahant Girish Pati Tripathi और नगर आयुक्त Jayant Kumar ने अपने सुरक्षा वाहन वापस कर दिए हैं। उन्होंने तय किया है कि नगर निगम के पार्षद सोमवार को निजी वाहन नहीं इस्तेमाल करेंगे और सार्वजनिक परिवहन से कार्यालय पहुंचेंगे।
प्रयागराज में जिलाधिकारी Manish Kumar Verma, मंडलायुक्त Saumya Agarwal और पुलिस आयुक्त Jogendra Kumar ने भी एस्कॉर्ट वाहन छोड़ दिए हैं। मेयर Umesh Chandra Ganesh Kesarwani ने घोषणा की कि अब पार्षद चार पहिया वाहनों की जगह दोपहिया वाहनों से अपने क्षेत्रों में जाएंगे।
अधिकारियों ने अपनाई सादगी और बचत
मुरादाबाद मंडलायुक्त Anjaneya Kumar Singh साइकिल से दफ्तर पहुंचे। वहीं रामपुर के डीएम Ajay Kumar Dwivedi ने तेल की खपत कम करने के लिए अधिकारियों को अनावश्यक वाहनों का उपयोग न करने के निर्देश दिए और दो अहम बैठकें वर्चुअल माध्यम से कीं।
मीरजापुर के जिलाधिकारी Pawan Kumar Gangwar ने भी अधिकारियों से फील्ड विजिट के दौरान पब्लिक ट्रांसपोर्ट और वाहन शेयरिंग को बढ़ावा देने की अपील की। योगी सरकार की यह पहल अब पूरे प्रदेश में जनभागीदारी वाले बड़े अभियान का रूप लेती दिख रही है।
