Rajasthan: आपातकाल की 50वीं बरसी पर राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी ने ‘संविधान हत्या दिवस’ मनाया।
Rajasthan News: आपातकाल की 50वीं बरसी पर राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी ने ‘संविधान हत्या दिवस’ (Constitution Assassination Day) मनाया। जयपुर में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में सीएम भजनलाल शर्मा (CM Bhajanlal Sharma), भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ और कई वरिष्ठ नेताओं ने हिस्सा लिया। इस दौरान लोकतंत्र सेनानियों का सम्मान किया गया और उनकी कहानियों पर आधारित पुस्तक ‘लोकतंत्र रक्षा की कहानी- सेनानियों की जुबानी’ का विमोचन हुआ। मुख्यमंत्री ने कहा कि 25 जून 1975 को थोपा गया आपातकाल भारतीय लोकतंत्र पर काला धब्बा था, जिसके बारे में युवा पीढ़ी को जागरूक करना जरूरी है।
सीएम भजनलाल शर्मा (CM Bhajanlal Sharma) ने अपने संबोधन में कहा कि आपातकाल के दौरान तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने मीसा और डीआईआर जैसे अलोकतांत्रिक कानून लागू किए, जिससे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, प्रेस की आजादी और आमजन के मौलिक अधिकार छीन लिए गए। उन्होंने कहा कि उस समय करीब 1.4 लाख लोगों को बिना सुनवाई के जेल में डाल दिया गया, जिनमें अटल बिहारी वाजपेयी और लालकृष्ण आडवाणी जैसे नेता भी शामिल थे। फिर भी, लोकतंत्र सेनानियों ने सत्याग्रह के जरिए संविधान की रक्षा के लिए संघर्ष किया।
लोकतंत्र की नींव को सम्मान
सीएम भजनलाल शर्मा (CM Bhajanlal Sharma) ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संविधान दिवस को पुनर्जनन देकर लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत किया है। बाबा साहब आंबेडकर के योगदान को सम्मान देने के लिए पंचतीर्थ योजना शुरू की गई और उन्हें भारत रत्न भी भाजपा सरकार ने प्रदान किया। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि जो पार्टी आज संविधान बचाने की बात करती है, वही सत्ता के लालच में संविधान को कुचलने का काम कर चुकी है।

युवाओं से इतिहास सीखने का आह्वान
मुख्यमंत्री ने युवाओं से अपील की कि वे लोकतंत्र सेनानियों के संघर्ष से प्रेरणा लें और आपातकाल के काले अध्याय को समझें। उन्होंने कहा कि आज की पीढ़ी को यह जानना जरूरी है कि उनके मौलिक अधिकारों और स्वतंत्रता के पीछे लाखों लोगों का त्याग और बलिदान है।
लोकतंत्र सेनानियों के लिए कल्याणकारी योजनाएं
सीएम शर्मा ने कहा कि राजस्थान सरकार लोकतंत्र सेनानियों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। राज्य में लोकतंत्र सेनानी सम्मान निधि को पुनः शुरू किया गया है, जिसके तहत पात्र सेनानियों को 20 हजार रुपये मासिक पेंशन और 4 हजार रुपये चिकित्सा सहायता दी जा रही है। उन्होंने कहा कि पेंशन में किसी भी तरह की रुकावट न हो, यह सुनिश्चित किया गया है।

प्रदर्शनी और पुस्तक विमोचन
कार्यक्रम में ‘आपातकाल के 50 वर्ष’ पर आधारित एक प्रदर्शनी का आयोजन किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री ने हिस्सा लिया। साथ ही, लोकतंत्र सेनानियों के संस्मरणों पर आधारित पुस्तक ‘लोकतंत्र रक्षा की कहानी- सेनानियों की जुबानी’ का विमोचन किया गया। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा कि आपातकाल के दौरान कांग्रेस ने संविधान संशोधन के जरिए लोकतंत्र की हत्या की और मीसा जैसे कानूनों से लोगों की आजादी छीनी। उन्होंने जोर देकर कहा कि भाजपा आज उन मूल्यों की रक्षा में अग्रणी है, जिनके लिए लोकतंत्र सेनानियों ने जेलों में संघर्ष किया।
सीएम भजनलाल शर्मा (CM Bhajanlal Sharma) ने अपने संबोधन में कहा कि आपातकाल का यह दिन हमें याद दिलाता है कि लोकतंत्र केवल एक व्यवस्था नहीं, बल्कि एक भावना है, जिसे बचाने के लिए लाखों लोगों ने बलिदान दिया। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे लोकतंत्र सेनानियों के त्याग से प्रेरणा लें और भारत को विश्व का सबसे मजबूत लोकतंत्र बनाए रखने में योगदान दें।
