Punjab News: चंडीगढ़ में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब के प्रधान Aman Arora ने कहा कि “सच में देर हो सकती है, लेकिन उसे हराया नहीं जा सकता।” उन्होंने कहा कि कथित शराब नीति मामले में Arvind Kejriwal, Manish Sisodia और अन्य नेताओं को अदालत से राहत मिलना सिर्फ पार्टी की नहीं, बल्कि सच और न्याय की जीत है।
अमन अरोड़ा के साथ इस प्रेस वार्ता में पार्टी के अन्य नेता भी मौजूद थे। उन्होंने कहा कि अदालत के फैसले ने उन आरोपों को खारिज कर दिया है, जिन्हें केंद्र सरकार की एजेंसियों के माध्यम से लगाया गया था।
भाजपा पर साज़िश का आरोप
अमन अरोड़ा ने आरोप लगाया कि भाजपा ने राजनीतिक बदले की भावना से झूठे आरोप लगाकर अरविंद केजरीवाल को बदनाम करने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि एक मौजूदा मुख्यमंत्री को जेल भेजना और लंबे समय तक हिरासत में रखना लोकतंत्र के लिए सही संकेत नहीं है।
उन्होंने दावा किया कि अदालत ने जांच एजेंसियों की थ्योरी को स्वीकार नहीं किया और कहा कि पहली नजर में कोई ठोस मामला नहीं बनता।
मोदी और शाह से माफी की मांग
अमन अरोड़ा ने प्रधानमंत्री Narendra Modi और गृह मंत्री Amit Shah से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की। उनका कहना था कि राजनीतिक विरोधियों को झूठे मामलों में फंसाकर उनकी छवि खराब करना उचित नहीं है।
उन्होंने कहा कि देश की जनता सब देख रही है और अब सच सामने आ चुका है।
‘यह लोकतंत्र और न्याय की जीत’
अरोड़ा ने कहा कि यह फैसला सिर्फ किसी एक नेता की जीत नहीं है, बल्कि लोकतंत्र और न्याय व्यवस्था की जीत है। उन्होंने इसे “भगवान का न्याय” बताते हुए कहा कि सच्चाई को ज्यादा समय तक दबाया नहीं जा सकता।
उन्होंने केंद्र सरकार से अपील की कि वह बदले की राजनीति छोड़कर विकास और जनहित के मुद्दों पर ध्यान दे।
आगे की राजनीति पर असर
इस फैसले के बाद आम आदमी पार्टी ने इसे अपनी नैतिक जीत बताया है। पार्टी का कहना है कि अब वह और मजबूती से जनता के मुद्दों को उठाएगी।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस घटनाक्रम का आने वाले समय की राजनीति पर असर पड़ सकता है।
