Jharkhand News: महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर झारखंड के मुख्यमंत्री Hemant Soren रांची के प्रसिद्ध पहाड़ी मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने भगवान शिव की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और राज्य के लोगों की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की।
मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्तों की भारी भीड़ थी। “हर-हर महादेव” के जयकारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। मुख्यमंत्री ने भी भक्तों के साथ पूजा में भाग लिया और सभी को महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं दीं।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और विशेष व्यवस्था
महाशिवरात्रि के अवसर पर रांची के पहाड़ी मंदिर में हजारों श्रद्धालु जलाभिषेक और दर्शन के लिए पहुंचे। मंदिर पहाड़ी पर स्थित है, जहां तक पहुंचने के लिए श्रद्धालुओं को सीढ़ियां चढ़नी पड़ती हैं।
भीड़ को देखते हुए प्रशासन की ओर से सुरक्षा और व्यवस्था के खास इंतजाम किए गए थे। पुलिस बल तैनात रहा और श्रद्धालुओं को लाइन में दर्शन कराए गए, ताकि किसी को परेशानी न हो।
शोभायात्रा को दिखाई हरी झंडी
महाशिवरात्रि के अवसर पर निकाली गई शोभायात्रा को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस शोभायात्रा में भगवान शिव से जुड़ी झांकियां और धार्मिक झंडे शामिल थे।
भक्तों ने भजन-कीर्तन के साथ यात्रा में भाग लिया। इससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया।
राज्य की खुशहाली की कामना
मुख्यमंत्री ने कहा कि महाशिवरात्रि आस्था और आध्यात्मिक ऊर्जा का पर्व है। इस दिन भगवान शिव की पूजा करने से जीवन में शांति और शक्ति मिलती है।
उन्होंने भगवान भोलेनाथ से झारखंड की प्रगति, शांति और समृद्धि की कामना की। साथ ही लोगों से आपसी भाईचारा बनाए रखने और सामाजिक एकता को मजबूत करने की अपील की।
निष्कर्ष
रांची के पहाड़ी मंदिर में महाशिवरात्रि का यह आयोजन धार्मिक आस्था और सामाजिक एकता का प्रतीक बना। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मौजूदगी ने कार्यक्रम को और खास बना दिया।
भारी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने यह साबित किया कि महाशिवरात्रि झारखंड में आस्था और विश्वास का एक बड़ा पर्व है, जिसे लोग पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाते हैं।
