Haryana News: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा है कि ‘विकसित भारत 2047’ का सपना तभी पूरा हो सकता है, जब मजदूरों को सशक्त बनाया जाए। उन्होंने साफ कहा कि देश और राज्य की अर्थव्यवस्था की असली ताकत मेहनतकश श्रमिक हैं, जिनके योगदान से विकास की गति तेज होती है।
मजदूरों को बताया विकास की नींव
सीएम सैनी ने कहा कि मजदूर देश की प्रगति की रीढ़ हैं। उनका परिश्रम ही उद्योग, खेती और निर्माण जैसे क्षेत्रों को आगे बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि अगर श्रमिक मजबूत होंगे, तो देश भी तेजी से विकसित होगा।
सामाजिक सुरक्षा के लिए बड़ा कदम
सरकार ने मजदूरों के कल्याण के लिए कई योजनाएं शुरू की हैं। इसी दिशा में ऑटो चालकों और ड्राइवरों के लिए एक विशेष सामाजिक सुरक्षा बोर्ड बनाने की घोषणा की गई है। इसका उद्देश्य श्रमिकों को आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा देना है, ताकि उनका जीवन स्तर बेहतर हो सके।
न्यूनतम वेतन में बढ़ोतरी
मुख्यमंत्री ने बताया कि हरियाणा देश का पहला राज्य बन गया है, जहां न्यूनतम वेतन में 35 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। अब मजदूरों का न्यूनतम वेतन करीब 19,425 रुपये तक पहुंच गया है। इससे श्रमिकों की आय में सुधार हुआ है और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है।
रोजगार और पारदर्शिता पर फोकस
सीएम ने कहा कि सरकार रोजगार सुरक्षा को लेकर भी गंभीर है। सभी पात्र श्रमिकों को नियुक्ति पत्र देने की प्रक्रिया चल रही है और इसे तय समय में पूरा किया जाएगा। इसके साथ ही श्रमिकों के लिए योजनाओं में पारदर्शिता लाने पर भी जोर दिया जा रहा है।
तकनीक और योजनाओं से मिलेगा लाभ
सरकार द्वारा ‘ई-श्रम पोर्टल’ जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए लाखों मजदूरों को जोड़ा गया है। इससे उन्हें योजनाओं का सीधा लाभ मिल रहा है। इसके अलावा स्वास्थ्य और शिक्षा से जुड़ी सुविधाओं को भी बेहतर किया जा रहा है, ताकि श्रमिकों और उनके परिवारों का जीवन स्तर सुधरे।
