Haryana News: हिसार में कृषि मेले की शुरुआत, CM Nayab Saini का बड़ा संदेश

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Haryana News: हरियाणा के हिसार में Chaudhary Charan Singh Haryana Agricultural University में खरीफ कृषि मेला 2026 की शुरुआत हुई। इस मेले का उद्घाटन मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने किया। यह दो दिवसीय मेला किसानों, वैज्ञानिकों और नई तकनीकों को एक साथ जोड़ने का बड़ा मंच बना।

“हिसार की मिट्टी मेहनत का प्रतीक”

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि हिसार की मिट्टी मेहनत, पशुधन समृद्धि और वीरों के बलिदान का प्रतीक है। उन्होंने रेखांकित किया कि यह क्षेत्र न केवल खेती बल्कि संस्कृति और इतिहास के लिए भी महत्वपूर्ण है।

किसानों और वैज्ञानिकों का संगम

इस मेले की खास बात यह रही कि यहां किसानों, वैज्ञानिकों और नई तकनीकों को एक मंच पर लाया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे आयोजन खेती को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, क्योंकि इससे नई जानकारी सीधे किसानों तक पहुंचती है।

आधुनिक खेती और तकनीक पर जोर

मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने किसानों से अपील की कि वे आधुनिक तकनीकों जैसे ड्रोन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल खेती को अपनाएं। उन्होंने कहा कि इससे उत्पादन बढ़ेगा और किसानों की आय में भी सुधार होगा।

टिकाऊ खेती की जरूरत

मेले का मुख्य विषय “सस्टेनेबल एग्रीकल्चर” यानी टिकाऊ खेती रहा। मुख्यमंत्री ने कहा कि जल संकट, मिट्टी की गुणवत्ता और जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए नई और वैज्ञानिक खेती जरूरी है।

किसानों को सम्मान

इस मौके पर 42 प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया गया, जिनमें 21 महिलाएं भी शामिल थीं। मुख्यमंत्री ने इन किसानों को दूसरों के लिए प्रेरणा बताया और कहा कि उनके प्रयासों से राज्य कृषि क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है।

नई योजनाओं और रिसर्च पर फोकस

कार्यक्रम के दौरान भिवानी में न्यूट्री-सीरियल रिसर्च सेंटर का भी उद्घाटन किया गया। यह केंद्र मोटे अनाज (मिलेट्स) की नई किस्मों के विकास और प्रोसेसिंग तकनीक पर काम करेगा। इससे किसानों को नए अवसर मिलेंगे और उनकी आय बढ़ाने में मदद मिलेगी।

हरियाणा की कृषि में भूमिका

मुख्यमंत्री ने बताया कि हरियाणा देश के खाद्यान्न उत्पादन में महत्वपूर्ण योगदान देता है। यह किसानों की मेहनत, वैज्ञानिक शोध और सरकारी नीतियों का परिणाम है।

भविष्य की दिशा

इस कृषि मेले का मुख्य संदेश यही रहा कि खेती को लाभदायक बनाने के लिए नई तकनीक, वैज्ञानिक सोच और टिकाऊ तरीके अपनाने होंगे। सरकार और किसान मिलकर काम करेंगे, तभी कृषि क्षेत्र में तेजी से विकास संभव है।