Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ के दूरस्थ और आदिवासी क्षेत्रों में प्रशासनिक सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के लिए जिला प्रशासन द्वारा शुरू की गई ‘सुशासन एक्सप्रेस’ पहल एक नई उम्मीद बनकर उभरी है। Narayanpur के सुदूर गांवों में रहने वाले लोगों के लिए सरकारी दस्तावेज और योजनाओं का लाभ पहले दूरी और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के कारण आसानी से उपलब्ध नहीं हो पाता था।
अब सुशासन एक्सप्रेस, जो एक मोबाइल गवर्नेंस यूनिट के रूप में कार्य कर रही है, सीधे गांवों तक पहुंचकर लोगों को आवश्यक सेवाएं प्रदान कर रही है। इस पहल से प्रशासन और नागरिकों के बीच दूरी कम हो रही है और शासन की सुविधाएं घर-घर तक पहुंच रही हैं।

जनवरी 2026 में हुई पहल की शुरुआत
यह पहल जनवरी 2026 में जिला प्रशासन द्वारा कलेक्टर Namrata Jain के नेतृत्व में शुरू की गई थी। इसका उद्देश्य सुदूर क्षेत्रों के लोगों को पहचान पत्र, स्वास्थ्य सेवाएं, सामाजिक सुरक्षा और अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे उनके गांव में उपलब्ध कराना है।
इस मोबाइल सेवा केंद्र में अधिकारी और डेटा ऑपरेटर गांवों में अस्थायी शिविर लगाते हैं और मौके पर ही दस्तावेज और सेवाएं प्रदान करते हैं। विशेष रूप से नियाद नेल्ला नार गांवों के निवासियों को इस पहल से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है।
हजारों लोगों को मिला योजनाओं का लाभ
जनवरी से 23 अप्रैल 2026 के बीच सुशासन एक्सप्रेस ने हजारों लोगों तक सेवाएं पहुंचाई हैं। इस अवधि में कई महत्वपूर्ण दस्तावेज जारी किए गए, जिनमें शामिल हैं:
- 1,951 आधार कार्ड जारी
- 259 आयुष्मान कार्ड बनाए गए
- 306 श्रम कार्ड वितरित
- 676 जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र जारी
- 514 राशन कार्ड प्रदान
- 168 जाति प्रमाण पत्र जारी
- 104 आय प्रमाण पत्र बनाए गए
- 63 निवास प्रमाण पत्र जारी
- 31 प्रधानमंत्री सम्मान निधि सेवाएं प्रदान
इसके अलावा, 10,682 आधार अपडेट भी किए गए, जिनमें बायोमेट्रिक अपडेट शामिल हैं। इससे लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में आसानी हो रही है।

स्वास्थ्य, रोजगार और सामाजिक सुरक्षा में भी मदद
सुशासन एक्सप्रेस केवल दस्तावेज बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह स्वास्थ्य और रोजगार से जुड़ी सेवाएं भी प्रदान कर रही है।
इस पहल के तहत:
- पेंशन सेवाओं का लाभ
- मनरेगा जॉब कार्ड
- चुनाव से संबंधित फॉर्म-6 पंजीकरण
- स्वास्थ्य और दिव्यांगता सर्वेक्षण
जैसी सेवाएं भी ग्रामीण क्षेत्रों में उपलब्ध कराई जा रही हैं। इससे लोगों को सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ रही है।
कठिन भौगोलिक परिस्थितियों में नई व्यवस्था
नारायणपुर का क्षेत्र घने जंगलों, पहाड़ियों और बिखरी हुई बस्तियों के कारण प्रशासनिक सेवाओं के लिए चुनौतीपूर्ण रहा है। कई गांव प्रशासनिक केंद्रों से काफी दूर हैं, जिससे लोगों को सरकारी सुविधाएं प्राप्त करने में कठिनाई होती थी।
अब सुशासन एक्सप्रेस के माध्यम से प्रशासन सीधे गांवों तक पहुंच रहा है, जिससे लोगों में सरकार के प्रति विश्वास बढ़ रहा है और विकास की प्रक्रिया तेज हो रही है।

मुख्यमंत्री का संदेश
इस पहल पर मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने कहा कि सुशासन एक्सप्रेस सरकार की सुशासन के सिद्धांत के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है। उनका उद्देश्य है कि हर नागरिक, विशेषकर दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को बिना किसी बाधा के सरकारी सेवाओं का लाभ मिल सके।
उन्होंने कहा कि सरकार का ध्यान इस बात पर है कि योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर पहुंचे और प्रशासन और नागरिकों के बीच सीधा संवाद मजबूत हो।
सुशासन एक्सप्रेस पहल ने नारायणपुर के सुदूर गांवों में शासन की सेवाओं को लोगों के घर तक पहुंचाकर एक नई मिसाल कायम की है। यह पहल न केवल प्रशासनिक सेवाओं की पहुंच बढ़ा रही है, बल्कि लोगों के जीवन को आसान और सुरक्षित बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
भविष्य में इस तरह की पहलें अन्य जिलों में भी लागू की जा सकती हैं, जिससे पूरे राज्य में विकास और सुशासन को नई गति मिलेगी।
