Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र में स्थित कोण्डापल्ली का बेली ब्रिज आज विकास, विश्वास और सुशासन का प्रतीक बनकर उभरा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुशासन तिहार के तहत ग्राम कोण्डापल्ली पहुंचकर बीजापुर-पूवर्ती मार्ग पर बने इस आधुनिक बेली ब्रिज का निरीक्षण किया और इसे बदलते बस्तर की नई तस्वीर बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क, पुल और अन्य बुनियादी सुविधाएं केवल निर्माण परियोजनाएं नहीं होतीं, बल्कि वे दूरस्थ क्षेत्रों को शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और विकास की मुख्यधारा से जोड़ने का माध्यम बनती हैं।
दूरस्थ क्षेत्रों तक विकास पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से पुल की निर्माण तकनीक, उपयोगिता और क्षेत्रीय विकास में इसकी भूमिका की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि विकास का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और कोई भी क्षेत्र बुनियादी सुविधाओं से वंचित न रहे।
मुख्यमंत्री के अनुसार बस्तर जैसे दूरस्थ और दुर्गम इलाकों में बेहतर कनेक्टिविटी विकास की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है।
कम लागत और कम समय में तैयार होता है बेली ब्रिज
अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि भारतीय सीमा सड़क संगठन (BRO) द्वारा निर्मित यह बेली ब्रिज बीजापुर-पूवर्ती सड़क परियोजना का अहम हिस्सा है।
बेली ब्रिज की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसे पारंपरिक पुलों की तुलना में काफी कम लागत और कम समय में तैयार किया जा सकता है। सामान्य पुलों की तुलना में इसकी लागत लगभग पांच गुना कम आती है और इसे करीब एक महीने के भीतर तैयार किया जा सकता है।
दुर्गम, पहाड़ी और संवेदनशील क्षेत्रों में त्वरित कनेक्टिविटी स्थापित करने के लिए यह तकनीक बेहद प्रभावी मानी जाती है।
बीजापुर में बन चुके हैं 21 बेली ब्रिज
बीजापुर जिले में अब तक कुल 21 बेली ब्रिजों का निर्माण किया जा चुका है। इन पुलों के बनने से कई दूरस्थ गांवों का संपर्क मुख्य मार्गों से जुड़ गया है।
स्थानीय लोगों को अब स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा संस्थानों, बाजारों और अन्य जरूरी सुविधाओं तक पहुंचने में पहले की तुलना में काफी आसानी हो रही है। इससे क्षेत्र में विकास कार्यों और सरकारी सेवाओं के विस्तार को भी गति मिली है।
श्रमिकों की मेहनत की मुख्यमंत्री ने की सराहना
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पुल निर्माण में लगे श्रमिकों और कर्मचारियों की मेहनत की सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्य के श्रमिक और युवा ही विकास यात्रा के वास्तविक निर्माता हैं।
उन्होंने श्रमिकों से बातचीत कर उनके अनुभव भी जाने और उनके योगदान को बस्तर के विकास में महत्वपूर्ण बताया।
बस्तर में बदल रही है विकास की तस्वीर
मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर में सड़क, पुल और अन्य आधारभूत सुविधाओं के विस्तार से विकास की नई संभावनाएं पैदा हो रही हैं। इससे न केवल लोगों का जीवन आसान हो रहा है, बल्कि निवेश, रोजगार और सामाजिक विकास को भी बढ़ावा मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि बस्तर के प्रत्येक गांव तक विकास की रोशनी पहुंचे और लोगों को बेहतर जीवन के अवसर उपलब्ध हों।
विकास, विश्वास और सुशासन का प्रतीक बना बेली ब्रिज
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि कोण्डापल्ली का यह बेली ब्रिज केवल एक पुल नहीं है, बल्कि यह विकास, विश्वास और सुशासन का मजबूत प्रतीक है।
यह उस नए बस्तर की पहचान है जहां अब विकास केवल शहरों तक सीमित नहीं है, बल्कि दूरस्थ गांवों और वनांचल क्षेत्रों तक भी तेजी से पहुंच रहा है। बेली ब्रिज जैसी परियोजनाएं यह साबित कर रही हैं कि मजबूत बुनियादी ढांचा किसी भी क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक परिवर्तन की आधारशिला बन सकता है।
