Bihar News: पटना, 21 जुलाई। बिहार पर्यटन विभाग ने ‘श्रावणी मेला 2026: इंफ्लुएंसर की नजर से’ वीडियो मेकिंग प्रतियोगिता की घोषणा की है। इस पहल का उद्देश्य श्रावणी मेले की आस्था, संस्कृति और धार्मिक महत्व को सोशल मीडिया के माध्यम से व्यापक स्तर पर पहुंचाना है। विभाग के अनुसार, प्रतियोगिता में चयनित प्रतिभागियों को 25 हजार रुपये से लेकर 3 लाख रुपये तक के नकद पुरस्कार दिए जाएंगे।
कौन ले सकता है प्रतियोगिता में हिस्सा?
पर्यटन विभाग के अनुसार, फेसबुक, इंस्टाग्राम, एक्स (पूर्व में ट्विटर) और यूट्यूब सहित सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कुल मिलाकर कम से कम 25 हजार फॉलोअर्स वाले कंटेंट क्रिएटर्स और सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स इस प्रतियोगिता में भाग ले सकते हैं।
पुरस्कार इस प्रकार निर्धारित किए गए हैं:
- प्रथम पुरस्कार: 3 लाख रुपये
- द्वितीय पुरस्कार: 2 लाख रुपये
- तृतीय पुरस्कार: 1 लाख रुपये
- चतुर्थ पुरस्कार: दो प्रतिभागियों को 50-50 हजार रुपये
- प्रशंसा पुरस्कार: पांच प्रतिभागियों को 25-25 हजार रुपये
श्रावणी मेला और कांवरिया पथ पर बनानी होगी वीडियो
विभाग के अनुसार, 30 जुलाई से 28 अगस्त 2026 तक आयोजित होने वाले श्रावणी मेले के दौरान प्रतिभागियों को मुंगेर, बांका और भागलपुर के कांवरिया पथ के साथ-साथ धार्मिक, सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और पर्यटन स्थलों पर आधारित वीडियो या रील तैयार करनी होगी। तैयार वीडियो को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट करने के साथ विभागीय उपयोग के लिए भी उपलब्ध कराना होगा।
30 सेकेंड से 2 मिनट तक होगी वीडियो की अवधि
प्रतियोगिता के लिए वीडियो की अवधि 30 सेकेंड से 2 मिनट निर्धारित की गई है। विभाग के अनुसार, प्राप्त वीडियो का मूल्यांकन निर्णायक मंडल करेगा। चयनित वीडियो विभाग के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर साझा किए जाएंगे। इसके बाद 45 दिनों तक वीडियो की रीच, लाइक्स और शेयर के आधार पर समीक्षा की जाएगी। एक्स (X) प्लेटफॉर्म पर रीट्वीट को शेयर माना जाएगा।
वीडियो जमा करने की समयसीमा और नियम
विभाग के अनुसार, प्रतिभागियों को 3 अगस्त 2026 (पहली सोमवारी) के बाद अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर वीडियो प्रकाशित करनी होगी। 10 अगस्त (दूसरी सोमवारी) के बाद दो दिनों के भीतर, यानी 13 अगस्त 2026 तक वीडियो विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध कराना अनिवार्य होगा।
प्रतियोगिता के नियमों के अनुसार:
- वीडियो में आपत्तिजनक, विवादित या कॉपीराइट का उल्लंघन करने वाली सामग्री नहीं होनी चाहिए।
- वीडियो पर किसी प्रकार का लोगो, वॉटरमार्क या पहचान चिह्न नहीं होना चाहिए।
- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से तैयार या संपादित वीडियो स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
अधिक जानकारी के लिए इच्छुक प्रतिभागी बिहार पर्यटन विभाग की आधिकारिक ई-मेल आईडी dir-tourism-bih@nic.in पर संपर्क कर सकते हैं।
