Punjab

Punjab: बेअदबी के खिलाफ सख्त कानून लाएगी मान सरकार, विधानसभा के विशेष सत्र में होगा पेश

पंजाब राजनीति
Spread the love

Punjab की आम आदमी पार्टी सरकार धार्मिक बेअदबी के खिलाफ कड़ा कदम उठाने जा रही है।

Punjab News: पंजाब की मान सरकार (Mann Government) धार्मिक बेअदबी के खिलाफ कड़ा कदम उठाने जा रही है। बता दें कि सीएम भगवंत सिंह मान (CM Bhagwant Singh Mann) के नेतृत्व में 10 और 11 जुलाई 2025 को बुलाए गए विशेष विधानसभा सत्र में बेअदबी के खिलाफ एक सख्त कानून पेश किया जाएगा। इस कानून (Law) को पास कराने की पूरी तैयारी हो चुकी है, जो पंजाब की राजनीति और सामाजिक संवेदनाओं के लिए ऐतिहासिक माना जा रहा है। पढ़िए पूरी खबर…

Pic Social Media

जनता की लंबे समय से थी मांग

पंजाब में गुरुग्रंथ साहिब (Gurugranth Saahib) समेत अन्य पवित्र धार्मिक ग्रंथों और प्रतीकों की बेअदबी की घटनाओं ने कई वर्षों से जनता में आक्रोश पैदा किया है। इन घटनाओं ने न केवल लोगों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई, बल्कि कई बार राज्य में कानून-व्यवस्था को भी चुनौती दी है। बेअदबी के खिलाफ एक स्पष्ट और कठोर कानून की मांग लंबे समय से उठ रही थी।

ये भी पढ़ेंः Punjab पुलिस के DSP गिरफ्तार, मान सरकार की भ्रष्टाचार पर बड़ी कार्रवाई

जनता की भावनाओं का सम्मान करेगी सरकार

सीएम भगवंत मान (CM Bhagwant Mann) ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि उनकी सरकार पंजाब की जनता की भावनाओं का पूरा सम्मान करती है। उन्होंने वादा किया था कि जो मुद्दे वर्षों से केवल वादों तक सीमित रहे, उन्हें अब हकीकत में बदला जाएगा। इसी दिशा में, विशेष विधानसभा सत्र में बेअदबी के खिलाफ कानून पेश करना सरकार की प्राथमिकता है।

नए कानून में क्या होगा खास?

सूत्रों के अनुसार, प्रस्तावित कानून में धार्मिक ग्रंथों और प्रतीकों की बेअदबी करने वालों के लिए कड़ी सजा और आर्थिक दंड का प्रावधान होगा। साथ ही, ऐसी घटनाओं की जांच और सुनवाई के लिए विशेष व्यवस्थाएं भी शामिल की जा सकती हैं। इस कानून का मकसद न केवल दोषियों को सजा देना है, बल्कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकना भी है।

ये भी पढ़ेंः Punjab में CM योगशाला बनी फिटनेस की नई पहचान, लोग ले रहे फ्री योग प्रशिक्षण

धार्मिक सद्भाव की दिशा में बड़ा कदम

यह विशेष सत्र न केवल कानून बनाने के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि पंजाब में धार्मिक सद्भाव को बढ़ावा देने की दिशा में भी एक मजबूत पहल माना जा रहा है। मान सरकार के इस कदम को जनता का व्यापक समर्थन मिलने की उम्मीद है। यह कानून न केवल न्याय सुनिश्चित करेगा, बल्कि भविष्य में बेअदबी की घटनाओं को रोकने में भी कारगर साबित हो सकता है।