नोएडा एक्सटेंशन की रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना, 45 मिनट तक लिफ्ट में फंसा रहा बच्चा

दिल दहला देने वाली खबर ग्रेटर नोएडा वेस्ट की हाईराइज हाउसिंग सोसाइटी पैरामाउंट इमोशंस की है। जहां 11 साल का बच्चा अपने टावर की लिफ्ट में फंस गया। बच्चा जब काफी देर तक नहीं दिखा तो घरवाले परेशान हो गए। सोसायटी में बच्चों की तलाश शुरू कर दी गई।

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सुपरटेक में जमकर चले लात-घूंसे, जानिए कौन किससे भिड़ा ?

सुपरटेक सोसायटी कहीं भी चर्चा में जरूर रहती है। खबर नोएडा सेक्टर 74 स्थित सुपरटेक केपटाउन सोसायटी से है जहां मदर डेयरी का मालिक और सप्लायर दोनों आपस में भिड़ गए। दोनों ने एक दूसरे पर जमकर लात-घूसों बरसाए। मामला पुलिस तक पहुंचा जिसके बाद पुलिस ने दोनों को चालान करने के बाद चेतावनी देकर छोड़ दिया है।

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टीवी एंकर के साथ लूट, कार से कीमती सामान उड़ा ले गए चोर

टीवी पत्रकार, एंकर रवि मिश्रा के साथ लूट की वारदात हुई है। शाम 7.30 बजे का वक्त, जगह महागुन मॉल वैशाली सेक्टर-3, गाजियाबाद।

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यहां मुखर्जी बाबू की कलम भी चलेगी, आवाज़ भी गूंजेगी

टीवी पत्रकार देवेश मुखर्जी(Devesh Mukherjee) नए सफर पर निकल चुके हैं। देवेश का नया पता है न्यूज़ नेशन(News Nation)। देवेश चैनल में बतौर Deputy Editor(Output) अपनी जिम्मेदारी संभालेंगे। न्यूज़ नेशन के साथ ये देवेश मुखर्जी की दूसरी पारी है। इसके पहले देवेश पिछले 2 साल से न्यूज़24 से जुड़े थे और रात 8 बजे का शो प्राइम टाइम एक्सक्लूसिव (Prime Time Exclusive) टीम का अहम हिस्सा थे।

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साथियों और समाज को जोड़ने वाला एक पुल वैभव वर्धन दुबे के साथ ढह गया

बारिश की बूँदों के बीच प्रेस क्लब ऑफ इंडिया, दिल्ली के सभागार में वैभव वर्धन दुबे से जुड़ी स्मृतियों के बादल भी 9 अक्टूबर की दुपहर उमड़ते-घुमड़ते रहे. कुछ ने इन स्मृतियों को साझा करने की हिम्मत जुटाई, कुछ ने आँखों की पोर तक अटके आंसुओं के ज़रिए इसे अभिव्यक्त किया. यादों का दौर आगे बढ़ा तो भावुक सभागार में कई-कई मौक़ों पर तमाम नम आँखों ने बस एक ही सवाल किया-वैभव, आख़िर इतनी जल्दी भी क्या थी? किसी ने कैंसर जैसी बीमारी से जंग की अपील की, किसी ने परमात्मा से दुआ की, किसी ने अपने दिवंगत साथी से शिकायतें की तो कुछ बस खामोशी से पुरानी यादों में खोए रहे. खचाखच भरे सभागार में सब अपने-अपने हिस्से के वैभव को ढूँढते रहे, उससे बतियाते रहे, उसकी यादें साझा करते रहे. क़रीब सौ से ज़्यादा लोगों के इस जमघट में हर कोई अकेला था और अपने एकांत में कुछ पल वैभव के साथ बिताने की बेचैनी महसूस कर रहा था.

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