Goa News: गोवा के हेल्थ सिस्टम पर केजरीवाल का हमला, पंजाब मॉडल की तर्ज पर 10 लाख रुपये हेल्थ इंश्योरेंस की मांग

गोवा
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Goa News: आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने गोवा की स्वास्थ्य व्यवस्था को “पूरी तरह ध्वस्त” बताते हुए मुख्यमंत्री से पंजाब सरकार की तर्ज पर राज्य के हर परिवार को 10 लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा देने की मांग की है। उन्होंने कहा कि पंजाब में बिना किसी आय सीमा या शर्त के प्रत्येक परिवार को यह सुविधा दी जा रही है और गोवा में भी इसी मॉडल को लागू किया जाना चाहिए।

हर परिवार को मिले 10 लाख का हेल्थ कवर

केजरीवाल ने कहा कि पंजाब सरकार की योजना में लगभग 2,350 बीमारियों और चिकित्सा प्रक्रियाओं को कवर किया गया है, जबकि गोवा की दीनदयाल स्वास्थ्य सेवा योजना (DDSSY) में केवल 447 बीमारियां शामिल हैं। उन्होंने मांग की कि गोवा के सभी परिवारों को व्यापक स्वास्थ्य बीमा उपलब्ध कराया जाए ताकि गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए आर्थिक बोझ न उठाना पड़े।

जीएमसी अस्पताल पर उठाए सवाल

केजरीवाल ने आरोप लगाया कि गोवा का एकमात्र सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल गोवा मेडिकल कॉलेज (GMC) अत्यधिक भीड़ से जूझ रहा है। उनके अनुसार मरीजों को बेड मिलने में कठिनाई होती है और कई दवाइयां बाहर से खरीदनी पड़ती हैं। उन्होंने कहा कि राज्य के दूरदराज इलाकों से मरीजों को अस्पताल पहुंचने में लंबा समय लगता है, जिससे आपातकालीन स्थितियों में परेशानी बढ़ जाती है।

सरकारी अस्पतालों में स्टाफ और सुविधाओं की कमी का दावा

AAP प्रमुख ने दावा किया कि दक्षिण गोवा जिला अस्पताल में 193 पद रिक्त हैं, जबकि पोंडा स्थित आईडी अस्पताल में सीटी स्कैन, एमआरआई और अन्य आवश्यक चिकित्सा उपकरणों का अभाव है। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञ डॉक्टरों और स्टाफ की कमी के कारण अधिकांश मरीजों को जीएमसी रेफर किया जाता है।

DDSSY योजना को बताया असफल

केजरीवाल ने कहा कि दीनदयाल स्वास्थ्य सेवा योजना से लोगों का भरोसा कम हुआ है। उनके अनुसार एक समय 2.91 लाख परिवारों के कार्ड बने थे, लेकिन अब लगभग 1.81 लाख परिवारों ने इसका उपयोग बंद कर दिया है। उन्होंने इसके पीछे कम बीमा राशि, सीमित बीमारियों का कवरेज, अस्पतालों को भुगतान में देरी और पुराने भुगतान दरों को प्रमुख कारण बताया।

15 दिनों में अस्पतालों को भुगतान की मांग

उन्होंने कहा कि पंजाब में सूचीबद्ध निजी अस्पतालों को सरकार 15 दिनों के भीतर भुगतान करती है, जिससे अस्पताल मरीजों का इलाज करने से इनकार नहीं करते। उन्होंने गोवा सरकार से भी इसी व्यवस्था को लागू करने की अपील की ताकि निजी अस्पताल आम लोगों के लिए सुलभ बन सकें।

‘गरीब को भी मिले बड़े अस्पतालों में इलाज का अधिकार’

केजरीवाल ने कहा कि जैसे मंत्री और संपन्न लोग बड़े निजी अस्पतालों में इलाज कराते हैं, वैसे ही गोवा के सबसे गरीब नागरिक को भी बेहतर अस्पतालों में इलाज का अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि यदि 10 लाख रुपये की स्वास्थ्य बीमा योजना लागू होती है, तो राज्य के प्रमुख निजी अस्पताल आम नागरिकों की पहुंच में आ जाएंगे।