Bihar News: बिहार में 21 जून 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET)-2026 को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने परीक्षा की व्यवस्थाओं की उच्चस्तरीय समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सभी मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
निष्पक्ष और कदाचारमुक्त परीक्षा पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि NEET-2026 का आयोजन पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी, शांतिपूर्ण और कदाचारमुक्त होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षा संचालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
35 जिलों के 331 केंद्रों पर होगी परीक्षा
सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. बी. राजेंद्र ने बैठक में बताया कि राज्य के 35 जिलों में कुल 331 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है।
परीक्षार्थियों के लिए सरकारी बसों में मुफ्त यात्रा
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बड़ा फैसला लेते हुए कहा कि NEET-2026 में शामिल होने वाले सभी परीक्षार्थियों को बिहार राज्य की सरकारी बसों में निःशुल्क यात्रा सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। अधिकारियों को इस व्यवस्था को प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए गए हैं।
सभी केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम
मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की गड़बड़ी रोकने के लिए सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क रहें।
प्रश्नपत्रों की सुरक्षा पर विशेष फोकस
बैठक में मुख्यमंत्री ने प्रश्नपत्रों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रश्नपत्रों के परिवहन, भंडारण और वितरण की प्रक्रिया पर कड़ी निगरानी रखी जाए ताकि किसी प्रकार की अनियमितता की संभावना न रहे।
असामाजिक तत्वों पर रहेगी पैनी नजर
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि परीक्षा के दौरान असामाजिक तत्वों और कदाचार में शामिल लोगों पर विशेष नजर रखी जाए। यदि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की सूचना मिलती है तो तत्काल सख्त कार्रवाई की जाए।
परीक्षा केंद्रों पर उपलब्ध होंगी सभी जरूरी सुविधाएं
परीक्षार्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री ने सभी परीक्षा केंद्रों पर पेयजल, शौचालय, बिजली, चिकित्सा सहायता और अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
अभिभावकों के लिए भी विशेष व्यवस्था
मुख्यमंत्री ने कहा कि परीक्षार्थियों के साथ आने वाले अभिभावकों की सुविधा का भी पूरा ध्यान रखा जाए। यातायात प्रबंधन को प्रभावी बनाया जाए और आवश्यक सूचनाएं समय पर उपलब्ध कराई जाएं।
सुरक्षित और व्यवस्थित माहौल देने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों को सुरक्षित, शांत और व्यवस्थित वातावरण उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने को कहा गया है।
गड़बड़ी करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
सम्राट चौधरी ने स्पष्ट कहा कि राज्य सरकार निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या कदाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। दोषियों के खिलाफ तुरंत और कठोर कार्रवाई की जाएगी।
वरिष्ठ अधिकारियों ने लिया समीक्षा बैठक में हिस्सा
समीक्षा बैठक में मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, पुलिस महानिदेशक विनय कुमार, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, गृह विभाग के सचिव कुंदन कुमार सहित कई वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।
