UP News: लखनऊ, 6 जून। उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार प्रदेश के हर वर्ग के कल्याण के लिए लगातार काम कर रही है। इसी क्रम में दिव्यांगजनों के सशक्तीकरण और उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग द्वारा संचालित टोल-फ्री हेल्पलाइन 1800-180-1995 एक प्रभावी माध्यम बनकर सामने आई है। इस हेल्पलाइन के जरिए दिव्यांगजन अपनी समस्याएं सीधे विभाग तक पहुंचा रहे हैं और उनका समयबद्ध समाधान भी किया जा रहा है।
7,707 शिकायतों में से 7,428 का हुआ समाधान
वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान हेल्पलाइन पर कुल 7,707 शिकायतें प्राप्त हुईं। इनमें से 7,428 शिकायतों का सफलतापूर्वक निस्तारण किया गया। इस प्रकार विभाग ने 96.38 प्रतिशत शिकायतों का समाधान कर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। यह आंकड़ा दर्शाता है कि राज्य सरकार दिव्यांगजनों की समस्याओं को गंभीरता से लेकर उनका समाधान सुनिश्चित कर रही है।
पेंशन से लेकर रोजगार योजनाओं तक की शिकायतें शामिल
हेल्पलाइन पर सबसे अधिक शिकायतें दिव्यांग भरण-पोषण अनुदान यानी पेंशन योजना से संबंधित प्राप्त हुईं। इस श्रेणी में 7,281 शिकायतें दर्ज की गईं। इसके अलावा स्वावलंबन कार्ड से जुड़ी 52 शिकायतें, दुकान निर्माण एवं संचालन योजना से संबंधित 67 शिकायतें और शादी-विवाह प्रोत्साहन पुरस्कार योजना से जुड़ी 23 शिकायतें दर्ज की गईं।
इसके साथ ही कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण योजना से संबंधित 69 शिकायतें और अन्य विभिन्न विषयों से जुड़ी 215 शिकायतें भी हेल्पलाइन के माध्यम से प्राप्त हुईं। विभाग ने इन शिकायतों के समाधान के लिए लगातार निगरानी और त्वरित कार्रवाई की।

कई योजनाओं की शिकायतों का हुआ शत-प्रतिशत निस्तारण
दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग ने स्वावलंबन कार्ड, कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण योजना सहित कई महत्वपूर्ण योजनाओं से जुड़ी शिकायतों का 100 प्रतिशत निस्तारण किया है। यह उपलब्धि सरकार की संवेदनशील कार्यशैली और मजबूत प्रशासनिक व्यवस्था को दर्शाती है।
सरकार का प्रयास है कि दिव्यांगजन शिक्षा, रोजगार, स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा जैसी सुविधाओं का लाभ आसानी से प्राप्त कर सकें। इसके लिए शिकायत निवारण तंत्र को लगातार मजबूत किया जा रहा है।
हेल्पलाइन बनी दिव्यांगजनों और प्रशासन के बीच मजबूत कड़ी
टोल-फ्री हेल्पलाइन ने दिव्यांगजनों और प्रशासन के बीच संवाद को आसान बनाया है। अब लाभार्थियों को अपनी समस्या लेकर विभिन्न कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते। एक फोन कॉल के माध्यम से वे शिकायत दर्ज करा सकते हैं और योजनाओं की जानकारी भी प्राप्त कर सकते हैं।
दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग के उप निदेशक डॉ. अमित कुमार राय ने बताया कि विभाग का लक्ष्य प्रत्येक पात्र दिव्यांगजन तक सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि शिकायतों का समयबद्ध और पारदर्शी समाधान सुनिश्चित करने के लिए विभाग लगातार कार्य कर रहा है, ताकि किसी भी दिव्यांगजन को अपनी समस्या के समाधान के लिए अनावश्यक रूप से भटकना न पड़े।
