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Delhi News: दिल्ली में प्रदूषण कम करने के लिए नई तकनीक पर जोर, CM रेखा गुप्ता ने किया एंटी-पॉल्यूशन प्रोजेक्ट्स का निरीक्षण

दिल्ली
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Delhi News: Rekha Gupta ने दिल्ली में प्रदूषण कम करने के लिए शुरू किए गए मेड इन इंडिया एंटी-पॉल्यूशन पायलट प्रोजेक्ट्स का निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ पर्यावरण मंत्री Manjinder Singh Sirsa भी मौजूद रहे।

सरकार की ओर से पश्चिमी दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में नई तकनीक आधारित प्रदूषण नियंत्रण सिस्टम लगाए गए हैं। इनका उद्देश्य हवा में मौजूद धूल, धुआं, PM2.5 और PM10 जैसे खतरनाक प्रदूषकों को कम करना है।

सड़क किनारे लगाए गए हाईटेक एयर प्यूरीफायर

रामा रोड पर मुख्यमंत्री ने STR-101 नाम के फिल्टर-फ्री एयर प्यूरीफायर सिस्टम का निरीक्षण किया। अधिकारियों के मुताबिक यहां बिजली के खंभों पर 21 यूनिट लगाए गए हैं, जो हर घंटे लगभग 3 लाख लीटर हवा को साफ करने की क्षमता रखते हैं।

यह सिस्टम सल्फर डाइऑक्साइड, नाइट्रोजन डाइऑक्साइड और कार्बन मोनोऑक्साइड जैसी हानिकारक गैसों को कम करने में मदद करेगा। साथ ही इसमें IoT आधारित लाइव मॉनिटरिंग और सेल्फ-क्लीनिंग तकनीक भी दी गई है।

दिल्ली में पहली EV आधारित एंटी-स्मॉग गन

मुख्यमंत्री ने कीर्ति नगर-मायापुरी रोड पर भारत की पहली EV-माउंटेड एंटी-स्मॉग गन का भी निरीक्षण किया। यह पूरी तरह जीरो-एमिशन तकनीक पर आधारित है और हवा में अल्ट्रा-फाइन पानी की बूंदें छोड़कर धूल और प्रदूषण कणों को नीचे बैठाने का काम करती है।

अधिकारियों के अनुसार इस सिस्टम में रियल टाइम PM सेंसर और IoT कंट्रोल लगाए गए हैं, जिससे हवा की गुणवत्ता के हिसाब से पानी और ऊर्जा का उपयोग किया जा सके।

“प्रदूषण के खिलाफ लड़ाई पूरे साल चलेगी”

CM रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली में प्रदूषण नियंत्रण सिर्फ सर्दियों तक सीमित नहीं रहेगा। सरकार पूरे 365 दिन प्रदूषण कम करने के लिए काम करेगी। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक रिसर्च, नई तकनीक और स्वदेशी इनोवेशन को प्रदूषण नियंत्रण अभियान का अहम हिस्सा बनाया जा रहा है।

दिल्ली सरकार का बड़ा एयर पॉल्यूशन प्लान

दिल्ली सरकार पहले ही Air Pollution Mitigation Action Plan 2026 लॉन्च कर चुकी है। इस योजना में धूल नियंत्रण, इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा, प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर सख्ती और एंटी-स्मॉग तकनीकों के इस्तेमाल पर जोर दिया गया है।

इसके अलावा सरकार IIT मद्रास के साथ मिलकर “स्मॉग ईटिंग” तकनीक पर भी काम कर रही है, जिसमें विशेष कोटिंग्स के जरिए हवा में मौजूद प्रदूषकों को कम करने की कोशिश की जा रही है।

दिल्ली में साफ हवा के लिए तकनीक बनेगी बड़ा हथियार

दिल्ली लंबे समय से खराब एयर क्वालिटी की समस्या से जूझ रही है। ऐसे में सरकार अब पारंपरिक उपायों के साथ नई तकनीकों का सहारा ले रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर ये पायलट प्रोजेक्ट सफल रहते हैं, तो आने वाले समय में इन्हें पूरे शहर में लागू किया जा सकता है।